सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में एक महिला जलते विमान के पास से भागती नजर आती है. लपटों के बीच अपनी जान की परवाह किए बिना उस मां ने अपने जिगर के टुकड़े को बचाने की कोशिश की. उस बहादुर मां का नाम सीताबेन है.जैसे ही विमान क्रैश हुआ सीताबेन ने बिना कुछ सोचे-समझे अपने 15 साल के बेटे आकाश को बाहों में भर लिया और जलती आग से दूर भागने लगीं. लेकिन किस्मत ने साथ नहीं दिया मां की ममता हार गई और आकाश हादसे का शिकार हो गया.सीताबेन खुद 50 प्रतिशत तक झुलस चुकी हैं और फिलहाल अस्पताल में जिंदगी और मौत से जूझ रही हैं. परिवार वालों ने बताया कि आकाश को बचाने की कोशिश में सीताबेन ने अपनी परवाह तक नहीं की. इस विमान हादसे में गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी का भी निधन हो गया.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शोक व्यक्त करते हुए रूपाणी परिवार से मुलाकात की और संवेदना जाहिर की. पूरा अहमदाबाद इस हादसे के बाद सदमे में है. सीताबेन के घर के बाहर लोगों की भीड़ जुटी है और हर कोई उनके लिए दुआ कर रहा है. अस्पताल में डॉक्टर्स की टीम उनकी जान बचाने की पूरी कोशिश कर रही है. सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो लोगों को बार-बार सोचने पर मजबूर कर रहा है कि आखिर मां की ममता इतनी ताकतवर कैसे हो सकती है कि वो अपनी जान की परवाह किए बिना आग में कूद जाती है? इस हादसे ने भले ही आकाश को छीन लिया हो, लेकिन सीताबेन की ममता हमेशा लोगों को इंसानियत की मिसाल देती रहेगी.दुख की बात ये है कि आकाश की जान नहीं बच पाई। वहीं सीताबेन 50% तक झुलस गई हैं और अभी अस्पताल में भर्ती हैं। डॉक्टर उनकी जान बचाने की पूरी कोशिश कर रहे हैं। उनके परिवार का कहना है कि उन्होंने बिना कुछ सोचे-समझे बेटे के लिए अपनी जान दांव पर लगा दी।सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो लोगों को सोचने पर मजबूर कर रहा है- आखिर एक मां के प्यार में कितनी ताकत होती है? सीताबेन का बेटा भले ही अब इस दुनिया में नहीं है, लेकिन उनकी ममता की मिसाल लोगों के दिलों में हमेशा जिंदा रहेगी।