अहमदाबाद में 12 को हुए विमान हादसे की जांच शुरू हो गई है। यह विमान उड़ान भरने के कुछ सेकेंड बाद ही नीचे आकर इमारत से टकराकर दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। ऐसे में हर कोई जानना चाहता है कि क्या विमान को ऊंचाई तक जाने के लिए जरूरी रफ्तार नहीं मिली या उसके दोनों इंजन फेल हो गए थे। दुर्घटना की जांच करने वाले जांचकर्ताओं को भी इन्हीं सवालों के जवाब तलाशने हैं। इस काम में महीनों लग सकते हैं, लेकिन दुर्घटना के वीडियो और साक्ष्यों से कुछ ऐसे सुराग मिले हैं जो एअर इंडिया के विमान के हादसे का शिकार होने का संकेत देते हैं। विमानन सुरक्षा से जुड़े विशेषज्ञों के अनुसार, यहां कुछ ऐसे सवाल हैं जिनके जवाब जांचकर्ताओं को आने वाले दिनों में मिलने की उम्मीद है।सबसे पहला सवाल यह है कि क्या विमान के विंग फ्लैप और स्लैट्स पूरी तरह से खुल गए थे। विशेषज्ञों का कहना है कि दुर्घटना से पहले का विमान का जो वीडियो सामने आया है उससे ऐसा लग रहा है कि विमान ने सामान्य उड़ान भरी है। लेकिन कुछ ही सेकेंड में बोइंग 787 ड्रीमलाइनर नीचे उतरने लगता है। वीडियो के बाद विशेषज्ञ कहते हैं कि बुनियादी तौर पर ऐसा लगता है कि विमान उड़ान की मूलभूत आवश्यकताओं को पूरा करने में विफल रहा।
विशेषज्ञों के अनुसार, यह स्पष्ट नहीं है कि क्या विमान के फ्लैप्स और स्लैट्स को ठीक से बढ़ाया गया था। अगर ऐसा नहीं हुआ था, तो जांचकर्ता यह जानना चाहेंगे कि ऐसा क्यों हुआ। क्या पायलटों ने इन्हें नहीं बढ़ाने का निर्णय लिया या वह ऐसा करने में असफल रहे? क्या कोई तकनीकी खराबी थी जिसके कारण पायलट उन भागों को विस्तारित नहीं कर पाए? अहमदाबाद हादसे को लेकर एयर इंडिया के पूर्व कमर्शियल पायलट और बीजेडी नेता मन्मथ राउत्रे ने कहा कि मुझे नहीं पता कि किसने कहा कि दो ब्लैक बॉक्स हैं, हम सिर्फ एक ब्लैक बॉक्स कहते हैं, दूसरा रिकॉर्डर है. ऐसी कोई आशंका नहीं है कि डिटेल्स नहीं निकलेगी, सारी डिटेल्स सामने आएगी. पायलट की गलती जो हम सोच रहे थे, वो शायद कम है. दोनों इंजन फेल होने का सबसे ज्यादा अनुमान लगाया जा रहा है.