सोलन शहर के पुराने बस अड्डे के समीप आयोजित किसान जनता मंडी में रविवार को खरीदारों की संख्या में उल्लेखनीय गिरावट देखने को मिली। सुबह से ही अपनी ताजा सब्जियां लेकर पहुंचे किसान दिनभर ग्राहकों के इंतजार में बैठे रहे, लेकिन अपेक्षा के अनुरूप खरीदारी नहीं हुई। मंडी में इक्का-दुक्का लोग ही सब्जियां खरीदने पहुंचे, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई। किसानों का कहना है कि यदि खरीदारों की संख्या इसी तरह कम रही तो दिनभर मंडी में रखी ताजी सब्जियां खराब होने का खतरा बढ़ जाएगा। ऐसे में उन्हें या तो नुकसान उठाकर कम कीमत पर सब्जियां बेचनी पड़ेंगी या फिर बची हुई उपज को वापस घर ले जाना होगा, जिससे परिवहन पर अतिरिक्त खर्च भी वहन करना पड़ेगा। किसानों ने उम्मीद जताई कि आने वाले दिनों में लोगों की संख्या बढ़ेगी, जिससे उनकी उपज का उचित मूल्य मिल सकेगा। उनका कहना है कि किसान जनता मंडी का उद्देश्य किसानों को सीधे उपभोक्ताओं से जोड़ना है, लेकिन यदि खरीदार ही नहीं पहुंचेंगे तो इस व्यवस्था का लाभ सीमित रह जाएगा।