प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एक साल तक ज्वेलरी न खरीदने के आग्रह से जहां एक ओर ज्वेलर्स की चिंता बढ़ गई, वहीं ज्वेलरी शॉप में काम कर रहे सैकड़ों लोगों के रोजगार पर भी संकट खड़ा हो सकता है। शहरी की ज्वेलरी शॉप में कारोबार 50 फीसदी तक कम हो गया है। ग्राहकों में मन में अभी भी संशय है कि वह अगर कोई शादी विवाह है तो ज्वेलरी का क्या करें। हालांकि ज्वेलरों ने ग्राहकों के लिए एक ऑफर भी दे रहे हैं कि वह नया सोना न खरीदकर पुराने सोने को ही एक्सचेंज कर सकते हैं। इसमें टूटा फूटा या पुराना सोना ला सकते हैं। इसे ज्वेलर नया बनाकर या इसके बदले नया सोना दे सकेंगे। शहर के ज्वेलर कारोबारी विनय गुप्ता ने कहा कि वह प्रधानमंत्री के फैसले का सम्मान करते हैं, मगर सैकड़ों लोगों के रोजगार पर संकट छा सकता है।