अंतर्राष्ट्रीय मजदूर दिवस के अवसर पर निर्माणकार्य मजदूर मिस्त्री यूनियन, मनरेगा मजदूर यूनियन व जन संघर्ष मंच हरियाणा (घटक मासा) के बैनर तले स्थानीय लेबर चौकों पर जनसभाओं का आयोजन किया गया। जनसभाओं के बाद मजदूरों ने प्रदर्शन करते हुए अंबेडकर चौक तक मार्च निकाला और विभिन्न मांगों को लेकर नारेबाजी की। प्रदर्शन के दौरान मजदूरों ने इंकलाब जिंदाबाद दुनिया के मजदूरो एक हो, मजदूर आंदोलन में पुलिस दखल बंद करो जैसे नारे लगाए। साथ ही नोएडा, मानेसर, गुरुग्राम और फरीदाबाद में मजदूरों व उनके नेताओं पर दर्ज मामलों को रद्द करने और जेल में बंद मजदूर नेताओं की रिहाई की मांग उठाई। मजदूर संगठनों ने न्यूनतम वेतन 30 हजार रुपये प्रतिमाह लागू करने की भी मांग की। छोटू राम पार्क के पास लेबर चौक पर आयोजित जनसभा का संचालन निर्माणकार्य मजदूर मिस्त्री यूनियन के महासचिव सुरेश कुमार ने किया। इस दौरान यूनियन के प्रांतीय प्रधान करनैल सिंह ने मजदूर दिवस के इतिहास पर प्रकाश डालते हुए कहा कि करीब 140 वर्ष पहले शिकागो के हे मार्केट में मजदूरों ने 8 घंटे के कार्य दिवस की मांग को लेकर आंदोलन किया था, जिसमें कई मजदूर नेताओं को फांसी दी गई थी। उन्होंने कहा कि आज भी मजदूर वर्ग उन्हीं मूलभूत मुद्दों को लेकर संघर्ष कर रहा है, जबकि वर्तमान समय में 12 घंटे कार्य दिवस को बढ़ावा दिया जा रहा है। कार्यक्रम का समापन अंबेडकर चौक पर हुआ, जहां मजदूरों ने अपने अधिकारों के लिए संघर्ष जारी रखने का संकल्प लिया।