झज्जर। नगर पालिका कर्मचारी संघ हरियाणा के आह्वान पर नगर परिषद झज्जर के सभी सफाई कर्मचारी वीरवार को हड़ताल पर मौजूद रहे। इस कारण शहर के मुख्य मार्गों व कालोनियों में सफाई का काम नहीं हो सका। मुख्य मार्गों व कूड़ा पड़ा रहा। वीरवार को बारिश के कारण पूरा दिन कूडे़ से बदबू आती रही। इस कारण आसपास के दुकानदारों व स्थानीय लोगों को परेशानी हुई। वीरवर को नगर परिषद के लगभग 108 कर्मचारी हड़ताल पर रहे। कर्मचारियों ने नगर परिषद कार्यालय में मांगों को लेकर धरना दिया। हड़ताल तीन दिन तक जारी रहेगी। हड़ताल के मद्देनजर नगर परिषद की तरफ से कोई वैकल्पिक इंतजाम नहीं किए गए थे। शहर से प्रतिदिन 35 टन कूड़ा निकलता है। पहले दिन लगभग 10 टन कूड़ा नहीं उठा। नगर परिषद कार्यालय में धरने को संबोधित करते हुए इकाई प्रधान शिवम चावरिया ने बताया कि उनकी प्रमुख मांगे 13 मई को संघ व सरकार के बीच हुए समझौते को लागू करना, फरीदाबाद अग्निकांड में शहीद हुए कर्मचारियों के परिवार को एक-एक करोड़ रुपये, सरकारी नौकरी देने, पैरोल के सफाई कर्मचारी व सीवरेजमैन को पक्का करना, झज्जर के 2014 में हटाए हुए 60 कर्मचारियों को ड्यूटी पर वापस लेने, ड्यूटी के दौरान मृत्यु होने पर सफाई कर्मचारियों को 20 लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान करना, ठेका प्रथा बंद करना, सेवानिवृत होने पर कर्मचारियों को 10 लाख रुपये देने, सभी पैरोल फायरमैन व चालकों को नियमित करने, 5000 रुपये जोखिम भत्ता देना सहित अन्य मांग शामिल हैं। इस अवसर पर इकाई सचिव विकास उज्जैनवाल, जिला सचिव गौरव, ऑडिटर कृष्ण, सलाहकार सुरेश, सह सचिव बबली, महिला उप प्रधान कमलेश, प्रचार सुचारक मनीषा, शीतल, रानी, दया, सुषमा, सुमित्रा मौजूद रहे।