दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के इतिहास विभाग में 'भारत विभाजन- इतिहास, स्मृति एवं मानवीय त्रासदी' विषय पर एक दिवसीय संगोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता डॉ हृदेश रंगा मौर्य ने अपना विचार रखते हुए कहा कि 1947 का विभाजन न केवल राजनीतिक घटना थी, बल्कि यह मानवीय त्रासदी भी थी। लाखों लोगों ने घर-बार छोड़ा, परिवार बिछड़े और हिंसा का शिकार हुए। आज भी उस दर्द की स्मृतियां हमें मानवता और सद्भाव का पाठ सिखाती हैं।