मानसून के दौरान आईआईटी दिल्ली परिसर में जलभराव रोकने के लिए प्रशासन ने कमर कस ली है। मानसून के दस्तक देने से पहले परिसर के सभी नालों, सीवर, रोड गली चैंबर की साफ-सफाई और डी-सिल्टिंग कराने की कवायद शुरू हो गई है। साथ ही वर्षा जल संचयन पिट की सफाई का कार्य भी किया जाएगा। जिससे बारिश के पानी को इकट्ठा करके बाद में बागबानी सहित दूसरे कार्यों के लिए उपयोग में लाया जा सकें। इस संबंध में आईआईटी दिल्ली ने निविदा जारी की है। 72 लाख रुपये की अधिक राशि से यह सिविल कार्य कराया जाएगा। दरअसल, वर्ष 2024 में हुई बरसात के चलते आईआईटी परिसर में जलभराव हो गया था। हालांकि अब ऐसी स्थिति को रोकने के लिए आईआईटी दिल्ली ने वाटर पंप लगाने से लेकर बाढ़ प्रबंधन टीम का भी गठन कर रखा है। इसके लिए परिसर में करीब 200 पंप लगाए जा चुके है।