नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर सोमवार को पहली बार व्यावसायिक विमान रन वे पर उतरेगा। नागर विमानन निदेशालय (डीजीसीए) से हरि झंडी के बाद रनवे ट्रायल होगा। रनवे पर विमान की लैंडिंग व टेक ऑफ के जरिये ट्रायल की प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी।
दरअसल, नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के रनवे के ट्रायल के लिए डीजीसीए से 15 दिसंबर तक की समयसीमा तय की गई है। ऐसे में निर्धारित तिथि पर कामर्शियल ट्रायल रन के लिए अनापत्ति प्रमाण पत्र का इंतजार था। पहले 30 नवंबर को ट्रायल रन की तारीख नियत की गई थी। मगर, एनओसी नहीं मिलने के कारण अब 15 दिसंबर तक मौका है। कैलिब्रेशन ट्रायल के बाद रनवे का ट्रायल 9 दिसंबर को होगा। इस ट्रायल के बाद यापल वाई अड्डे के प्रमाणीकरण के लिए दस्तावेज को अंतिम रूप देगा और इसे डीजीसीए को सौंप देगा। एयरपोर्ट से वाणिज्यिक उड़ान संचालन शुरू होने से पहले हवाई अड्डे को डीजीसीए और नागरिक उड्डयन सुरक्षा ब्यूरो (बीसीएएस) दोनों द्वारा प्रमाणीकरण की आवश्यकता होगी। इन प्रमाणीकरण के लिए समयसीमा का निर्धारण भी किया गया है।
यहां बता दें कि अबतक एयरपोर्ट पर कैट-1 और कैट-3 उपकरण स्थापित हो चुके हैं, जो कोहरे में विमान की ऊंचाई और दृश्यता की जानकारी देते हैं। एयरपोर्ट पर इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम (आईएलएस) को स्थापित किया जा चुका है, जिसकी एयरक्राफ्ट बीच किंग एयर 360 ईआर के जरिए 10 से 14 अक्तूबर तक जांच की जा चुकी है।