हरिद्वार से शुरू हुई विश्वनाथ जगदीशिला डोली यात्रा शुक्रवार को शिव मंदिर सेलाकुई पहुंची, जहां शिव मंदिर समिति के सदस्यों और भक्तों ने उसका स्वागत किया। यात्रा अब हनुमतधाम में रात्रि विश्राम कर रही है। यह एक माह की यात्रा है जो 25 मई को गंगा दशहरा के दिन संपन्न होगी। यात्रा के संयोजक पूर्व कैबिनेट मंत्री, मंत्री प्रसाद नैथाणी ने कहा अब तक यात्रा के माध्यम से 562 दिव्यस्थान चिह्नित किए जा चुके हैं। उन्होंने नंदा राजजात की तर्ज पर जगदीशिला यात्रा के भी आयोजन का आह्वान किया। यात्रा का मुख्य उद्देश्य विश्व में शांति बनाए रखना है। इसके साथ ही देव संस्कृति, लोक संस्कृति, रीति-रिवाज, भाषा और बोलियों को जीवित रखना भी इसका लक्ष्य है। उन्होंने उत्तराखंड में बद्रीनाथ, केदारनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री जैसे हजार शक्ति पीठों को पुनर्जीवित करने की बात कही, जिनमें से सेलाकुई का शिवालय भी एक है। उनका कहना है कि इन सभी धामों को ध्यान केंद्र बनाया जाना चाहिए।