लोनिवि की लापरवाही से कुनारबैंड-घेस-हिमनी सड़क की हालत बेकार बनी है। जिससे कभी भी दुर्घटनाएं हो सकती है। जिसे देखते हुए कुनारबैंड के पास सड़क के गड्ढों को लोगों की ओर से भरा गया। एक साल पहले 25 किमी की सड़क का सुधारीकरण, नाली निर्माण, पैराफीट नाली व डामरीकरण के लिए लोनिवि को वन टाइम मेंटनेंस के तहत तीन करोड़ 45 लाख मिले, 30 नवंबर तक कार्य पूरा होना था लेकिन ठेकेदार की ओर से निर्धारित समय पर काम पूरा नहीं किया गया। घेस के लोगों ने बताया कि ठेकेदार की ओर से पैराफीट व कुछ जगह कच्ची नाली बनाई गई लेकिन डामरीकरण का कार्य नहीं किया गया। यह सड़क गड्ढों में तब्दील हो गई। गड्ढों को भरने व डामरीकरण के लिए कई बार विभाग को लिखा गया, लेकिन विभाग ने इस सड़क को भगवान भरोसे छोड़ दिया है। जबकि विभाग को सुधारीकरण व डामरीकरण के लिए तीन करोड़ 45 लाख मिले हैं। सड़क के गड्ढों को ठीक करने के लिए मशीन भेजी जाएगी। इस सड़क पर डामरीकरण होना है। 30 नवंबर तक काम पूर्ण होना था, ठेकेदार की लापरवाही के लिए उसके फाइनल बिल से 10 प्रतिशत की कटौती की जाएगी। इस मौसम मे डामरीकरण का काम नहीं हो सकता है। फरवरी के बाद डामरीकरण का काम होगा। - दिनेश मोहन गुप्ता, ईई लोनिवि थराली।