उत्तराखंड में मां बाराही धाम देवीधुरा में रविवार को बगवाल की रस्म अदा की गई। फल-फूलों से खेली जाने वाली बगवाल कोरोना के कारण लगातार दूसरी बार सांकेतिक रूप से हुई। बगवाल से पूर्व फर्रों के साथ मंदिर की परिक्रमा और बाराही देवी का पूजन हुआ। बगवाल में चारों खाम (लमगड़िया-वालिग, गहरवाल और चम्याल) के योद्धाओं ने हिस्सा लिया। इस बार बगवाल सुबह 11 बजकर 02 मिनट से 11 बजकर 09 मिनट तक केवल सात मिनट चली। जिसमें 77 लोग चोटिल हुए। बगवाल में 300 लोगों ने हिस्सा लिया।