छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में वन्यजीवों की रिहायशी इलाकों में दस्तक से ग्रामीणों में दहशत है। भीषण गर्मी के कारण जंगलों में पानी की कमी वन्यजीवों को गांवों की ओर खींच रही है। ऐसा ही एक मामला कुरूद ब्लॉक के गुदगुदा गांव में सामने आया है, जहां तेंदुआ देखा गया है।
धमतरी डीएफओ कृष्ण कुमार जाधव ने बताया कि गुदगुदा गांव में तेंदुए की दस्तक हुई है। 7-8 मई की रात को तेंदुआ गांव में विचरण करते हुए नजर आया, जिसका फोटो और वीडियो भी सामने आया है। धमतरी जिले के नगरी, मगरलोड और बिरगुड़ी वन परिक्षेत्र के आसपास तेंदुए के रिहायशी इलाकों में घुसने की घटनाएं अक्सर होती हैं। यह स्थिति भीषण गर्मी के चलते जंगलों में पानी सूखने के कारण उत्पन्न होती है। वन्यजीव पानी की तलाश में रिहायशी क्षेत्रों में पहुंच जाते हैं। तस्वीर सामने आने के बाद वन विभाग ने गांव में अलर्ट जारी किया है। किसी भी प्रकार की अनहोनी को रोकने के लिए विभाग लगातार मुनादी कर रहा है और रात्रि गश्त भी की जा रही है। वन विभाग ने ग्रामीणों से विशेष सावधानी बरतने की अपील की है।
ग्रामीणों से की अपील
विभाग ने ग्रामीणों से रात में अकेले बाहर न निकलने का आग्रह किया है। विशेष तौर पर छोटे बच्चों को शाम, रात या सुबह-सुबह घर से बाहर न निकालने की सलाह दी गई है। ग्रामीणों को खुले में शौच न जाने और घर के बाहर खुले में न सोने के लिए भी कहा गया है। यह अपील ग्रामीणों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से की गई है।
वन विभाग की कार्रवाई
तेंदुए की धमक से आसपास के गांव के ग्रामीणों में दहशत बनी हुई है। वन विभाग पूरी तैयारी के साथ तेंदुए की तलाश में जुटा है। विभाग उसे वापस जंगलों में खदेड़ने का प्रयास कर रहा है। सुरक्षा के लिए लगातार निगरानी और गश्त जारी है।