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आसमान से बरसा पानी धरा पर बन जाता है ‘नरक’

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रुद्रपुर मुख्य बाजार में पानी की नहीं हो रही निकासी। - फोटो : RUDRAPUR
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रुद्रपुर। खूबसूरत शहर के लोगों की दुश्वारियां जरा सी बारिश में बढ़ जाती है। दुश्वारियां इसलिए क्योंकि जलभराव लोगों की पीड़ा को बढ़ा देता है। वे ड्रेनेज सिस्टम के अभाव का दंश झेल रहे हैं। इस दर्द को जिम्मेदार भी जानते हैं लेकिन जवाबदेही से बचते हैं। उन्होंने जनता को उसी के हाल में छोड़ने की जिद पाल रखी है।
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शहर में ड्रेनेज सिस्टम न होने से मुख्य बाजार में भी व्यापारियों को कई दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। 15 मिनट की बारिश से ही मुख्य बाजार की सड़कों में जलभराव की स्थिति पैदा हो जाती है। मुख्य बाजार की कुछ जगहों पर नाली निर्माण नहीं होने से सड़कों में पानी बहता रहता है, जबकि तीन साल पहले बनाईं गईं नालियों के ऊपर से फुटपाथ व सड़कें बना दी गईं हैं। नालियों को साफ करने के लिए कोई जाल भी नहीं लगाया गया है। मुख्य बाजार में ड्रेनेज सिस्टम को लेकर व्यापारियों ने कई बार नगर निगम के मेयर और नगर आयुक्त को नालियों की साफ-सफाई व नालियों को चौड़ा करने के लिए शिकायती पत्र दिया लेकिन इस पर कोई सुनवाई नहीं की गई।
लोगों की पीड़ा
गुड़मंडी, पांच मंदिर व सिब्बल सिनेमा के पास नालियों का निर्माण नहीं किया गया है। काशीपुर बाईपास पर नालियों की सफाई नहीं होती है। इससे पानी मुख्य सड़कों पर बहनें लगता है। मुख्य बाजार में जलभराव होने से पानी दुकानों के बेसमेंट में भर जाता है। -संजय जुनेजा, नगर अध्यक्ष, प्रांतीय उद्योग व्यापार मंडल।
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मुख्य बाजार में सड़कों का लेवल नहीं होने से नालियां ऊपर नीचे हो गईं हैं। इससे भी जलभराव की समस्या हो रही है। मुख्य बाजार में ड्रेनेज सिस्टम फेल होने से व्यापारियों व ग्राहकों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। -मंसूर खान, आदर्श कालोनी।
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सिब्बल सिनेमा के पास नाली निर्माण नहीं होने से व्यापारियों समेत ग्राहकों को दिक्कतें होती हैं। कई बार ग्राहक नालियों में गिर जाते हैं। नालियां चोक होने से उनमें गंदगी भरी रहती है। नगर निगम की ओर से सफाई भी नहीं की जा रही है। -सतीश अरोरा, व्यापारी।
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शहर में सीवर लाइन बिछाने के लिए कई बार विधानसभा में इसका प्रस्ताव रखा गया। जिला मुख्यालय में सीवर लाइन होना जरूरी है। इसके न होने से जलभराव की स्थिति बनीं रहती है। अपने कार्यकाल में शासन में भी सीवर लाइन बिछाने का प्रस्ताव रखा गया था। -राजकुमार ठुकराल, पूर्व विधायक।
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