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खेतों में खड़ी धान की फसल को नुकसान

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बाजपुर के गांव कल्याणपुरी में बारिश से खराब हुई धान की फसल। - फोटो : BAZPUR
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बाजपुर/गदरपुर। बारिश से जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया। खेतों पर खड़ी धान की फसल को भारी नुकसान हुआ है जिससे किसानों के चेहरों पर निराशा है।
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गांव बेरिया दौलत निवासी जीत सिंह, गांव बांसखेड़ा निवासी अमित कुमार, गांव हरलालपुर निवासी बल्देव राज, गांव चकरपुर निवासी अशोक कुमार, रामचंदर, किसान सेवक अजीत प्रताप सिंह रंधावा ने बताया कि खेतों में धान की फसल पकी खड़ी है। जबकि कई किसानों ने खेतों में धान की फसल काट कर डाल रखी है। बारिश से धान की फसल नुकसान है। जमीन पर गिरने से करीब एक सप्ताह तक धान की फसल को काटा नहीं जा सका। इधर तहसीलदार राजेंद्र सनवाल ने बताया कि क्षेत्र के किसी तौल केंद्र पर धान की भीगने की सूचना नहीं मिली है। केंद्र प्रभारियों ने धान की बोरियों को तिरपाल से ढक दिया है।
गदरपुर में कटाई के लिए तैयार धान की फसल को भारी नुकसान पहुंचा है। अनाज मंडी में तौल के लिए लाया गया किसानों का कई क्विंटल धान भी बारिश के पानी से भीग गया। बारिश के साथ हवाएं चलने से सर्दी की सिहरन का भी एहसास हो गया। बारिश के कारण बिजली की आपूर्ति भी बाधित रही। एनडीआरएफ की 15 वीं बटालियन के सेनानी सुदेश कुमार दराल ने बताया कि मौसम विभाग ने उत्तराखंड में भारी बारिश के अलर्ट के चलते जवान भी किसी आपदा से निपटने के लिए मुस्तैद हैं। एनडीआरएफ के पास संचार व्यवस्था ध्वस्त हो जाने के बाद अपना सेटेलाइट सिस्टम है जिसके जरिए शासन-प्रशासन हेड क्वार्टर से संपर्क स्थापित करने में सक्षम है और बटालियन के जवान कुछ ही मिनटों में प्रभावित स्थानों पर पहुंच जाते हैं।
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बाढ़ की आशंका से अलर्ट जारी
काशीपुर। क्षेत्र में भारी वर्षा हुई है। हालांकि नदी का जल स्तर सामान्य है। इसके बाद भी अलर्ट जारी कर दिया गया है।
एसडीएम आकांक्षा वर्मा ने बताया कि सिर्फ हेमपुर स्माइल में जलभराव की सूचना आई थी। सिंचाई विभाग की टीम ने मौके पर पहुंच कर पानी निकाल दिया। उन्होंने बताया कि बाढ़ रक्षा टीमों और बाढ़ चौकियों को सतर्क कर दिया गया है। नदी किनारे रहने वाले लोगों को सतर्क रहने के लिए कहा गया है।
सिंचाई विभाग के एसडीओ दीपक ने बताया कि अभी ढेला नदी में पानी सामान्य है लेकिन पानी बढ़ने की आशंका है। ढेला नदी से कुछ स्थानों पर कटाव हो रहा था। रामनगर फीडर का पानी बंद कर दिया है जिससे कटाव रुक गया। संवाद
मूसलाधार बारिश से तालाब बनीं सड़कें
काशीपुर/सुल्तानपुर पट्टी/खटीमा। मूसलाधार बारिश से नगर की सड़कें रविवार को तालाब में तब्दील हो गईं। इससे नगर निगम की सतर्कता की पोल खुल गई। एमपी चौक तो पानी से लबालब भरा था।
दोपहर लगभग डेढ़ बजे मूसलाधार बारिश शुरू हुई जो दिन भर होती रही। एमपी चौक पर निर्माणाधीन फ्लाईओवर की सर्विस रोड नहीं बनी है। इससे सड़क किनारे की नालियां बंद हो गईं। ऐसे में रामनगर रोड की तरफ से आने वाला पानी एमपी चौक पर जमा हो गया। मुख्य बाजार, रतन सिनेमा रोड, मुंशीराम का चौराहा पानी के तालाब में तब्दील हो गया। सुल्तानपुर पट्टी में बारिश और तेज हवा चलने से फसलों को काफी नुकसान हुआ है। जगह-जगह जलभराव से आवाजाही बाधित हुई और रामलीला में लगा टेंट गिरने से काफी नुकसान हुआ। रामलीला मैदान में भी पानी भर गया।
बारिश से गन्ना सहित कई अन्य फसलों को नुकसान हुआ है जिसने किसानों की कमर तोड़ दी है। पायते वाली रामलीला का रविवार को अंतिम मंचन था, लेकिन बारिश व तेज हवा से मैदान में लगा टेंट व लाइटें टूटने से मालिक को काफी नुकसान हुआ। रविवार की शाम रामलीला मंच पर भगवान राम की राज गद्दी का मंचन देखने आए दर्शकों को काफी परेशानी हुई। खटीमा में देर शाम अचानक मौसम का मिजाज बिगड़ने से लोगों में अफरातफरी का माहौल हो गया। देर शाम पांच बजे मौसम ने करवट बदली और काले बादल के साथ तेज हवा चलने से बाजारों से लोग घरों को निकलने लगे। सड़क पर वाहन चालकों को लाइट जलानी पड़ी। तेज हवा के साथ क्षेत्र में मूसलाधार बारिश शुरू हो गई।
दो हजार क्विंटल धान बारिश में भीगा
जसपुर। विधायक ने कृषि उत्पादन मंडी समिति पहुंचकर किसानों की समस्याएं सुनीं। खुले आसमान के नीचे पड़े धान पर तिरपाल ढकवाया। इस दौरान दो हजार क्विंटल धान बारिश में भीग गया। विधायक ने अधिकारियों से धान की तौल में तेजी लाने के लिए कहा।
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रविवार को किसानों ने विधायक आदेश चौहान को सूचना दी कि उनका धान खुले आसमान के नीचे पड़ा है। बारिश में भीग रहा है। उन्होंने मंडी समिति पहुंचकर विभागीय अधिकारियों को बुलाकर मंडी समिति परिसर में खुले आसमान के नीचे पड़े धान को तिरपाल आदि से ढकवाया। तब तक लगभग दो हजार क्विंटल धान बारिश में भीग चुका था। विधायक ने एसएमआई नलनीकांत, कौशल कुमार को बुलाकर तत्काल धान को ढकवाने एवं अन्य क्रय केंद्रों पर भेजने के लिए कहा। एसएमआई नलनीकांत ने बताया कि धान को बोरों में भरवाकर भेजने की व्यवस्था की जा रही है। इस अवसर पर गजेंद्र चौहान, राहुल गहलोत, डॉ. शुभ चंद, आफताब अंसारी, शेर अली आदि थे। (संवाद)

काशीपुर एमपी चौक पर जलभराव।- फोटो : KASHIPUR

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