ऋषिकेश। पंडित ललित मोहन शर्मा महाविद्यालय में छात्र नेताओं के हेल्प डेस्क को लेकर कॉलेज प्रशासन छात्र संगठन आमने-सामने आ गए हैं। कॉलेज के प्राचार्य ने कोविड नियमों का हवाला देते हुए छात्र नेताओं ने हेल्प डेस्क हटाने के निर्देश दिए। इस पर छात्र नेताओं और उनके समर्थकों ने हंगामा शुरू कर दिया। मामला इस कदर बढ़ गया कि कॉलेज प्रशासन को पुलिस बुलानी पड़ी।
राजकीय महाविद्यालय ऋषिकेश में नए छात्रों की ऑनलाइन प्रवेश की परीक्षा चल रही है। छात्रों को 40-40 स्लॉट के माध्यम से शैक्षणिक प्रपत्रों के सत्यापन के लिए कॉलेज बुलाया जा रहा है। बुधवार को प्राचार्य पंकज पंत ने देखा कि कॉलेज परिसर में छात्र नेताओं ने हेल्प डेस्क लगा रखी है। हेल्प डेस्क पर छात्रों का जमघट लगा था। छात्र नेता और उनके समर्थक नए छात्रों के नाम, पते और फोन नंबर नोट कर रहे थे। प्राचार्य ने छात्र नेताओं से कहा कोविड नियमों का हवाला देते हुए हेल्प डेस्क हटाने के लिए कहा। लेकिन छात्र नेता और उनके समर्थकों ने नए छात्रों को प्रवेश के दौरान हो रही असुविधा की बात कहते हुए कॉलेज प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। विरोध बढ़ता देख प्राचार्य ने छात्र नेताओं को कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दे डाली। इसके बाद छात्र नेता और समर्थक भड़क गए और कॉलेज परिसर में धरने बैठ गए। वहीं कुछ छात्र नेेताओं और समर्थकों ने कॉलेज प्रशासन के खिलाफ रैली भी निकाली। आखिरकार कॉलेज प्रशासन ने आईडीपीएल चौकी पुलिस को बुला लिया। पुलिस ने कोविड नियमों और शांति व्यवस्था का हवाला दिया तब जाकर छात्रों ने धरना समाप्त किया।
चुनावी मूड में छात्र नेता, कॉलेज का सता रहा कोरोना का डर
ऋषिकेश। नए छात्रों के प्रवेश के दौरान छात्र संगठन और नेता चुनाव की तैयारियों में जुट जाते हैं। संभावित दावेेदारों के लिए यह प्रचार और नए छात्र मतदाताओं से जुड़ने का सबसे बढ़िया मौका होता है। सभी छात्र संगठन और दावेदार नए छात्रों की प्रवेश के दौरान पूरी मदद करते हैं। अब छात्र नेता तो चुनावी मूड में हैं, लेकिन हालात जुदा है। कालेज प्रशासन को भीड़ एकत्र होने पर कोरोना संक्रमण फैलने का डर सता रहा है।
कोविड एसओपी के मद्देनजर प्रवेश की परीक्षा ऑनलाइन चल रही है। छात्रों को 40-40 के स्लॉट में शैक्षणिक प्रमाण पत्रों के सत्यापन के लिए बुलाया जा रहा है। कुछ छात्र नेता और समर्थक परिसर में हेल्प डेस्क खोलकर कोविड नियमों की धज्जियां उड़ा रहे थे। प्राचार्य ने इस पर ऐतराज जताया तो छात्र नेताओं ने विरोध किया, लेकिन बाद में मान गए।
- प्रोफेसर दयाधर दीक्षित, ऑनलाइन प्रवेश प्रभारी
छात्रों ने कॉलेज प्रशासन पर लगाया तानाशाही का आरोप
ऋषिकेश। पंडित ललित मोहनशर्मा राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय परिसर में नए छात्रों के लिए हेल्पिंग डेस्क लगाने की अनुमति न मिलने पर छात्रों ने कॉलेज प्रशासन के खिलाफ आक्रोश प्रकट किया। छात्रों ने कॉलेज प्रशासन पर तानाशाही का आरोप लगाया है।
एनएसयूआई नेताओं ने कहा कि महाविद्यालय में नए छात्रों का प्रवेश चल रहा है। नए छात्रों को प्रवेश के लिए फॉर्म से संबंधित जानकारी देने के लिए हेल्पिंग डेस्क लगाई गई थी। लेकिन कॉलेज प्रशासन ने उन छात्रों को हेल्पिंग डेस्क लगाने से मना कर दिया। छात्रों का आरोप है कि कॉलेज प्रशासन ने इस बात को लेकर उनके साथ अभद्रता शुरू कर दी। कहा कि महाविद्यालय में छात्र संघ न होने के कारण कॉलेज प्रशासन तानाशाही पर उतर गया है। महाविद्यालय में छात्र संघ चुनाव नहीं हुए हैं, जिसके कारण कॉलेज में अराजकता का माहौल बना हुआ है। विरोध प्रकट करने वालों में एनएसयूआई के अध्यक्ष शिवा सिंह, आयुष चौहान, अभय वर्मा, ऋषि शर्मा, रोहित नेगी, अनीष पुनिया, देवधन, अतुल उनियाल आदि शामिल थे।
ऋषिकेश। पंडित ललित मोहन शर्मा महाविद्यालय में छात्र संघ ने आक्रोश रैली निकाली। छात्र संघ ने कुलपति से वार्ता होने तक प्रवेश प्रक्रिया पर रोक लगाने चेतावनी दी है।
छात्र संघ ने ऋषिकेश राजकीय महाविद्यालय प्रशासन पर पुलिस कार्रवाई धमकी देने का आरोप लगाया है। छात्र नेता हिमांशु जाटव और अनिरुद्ध शर्मा ने कहा कि छात्र हितों की हर हक की लड़ाई लड़ी जाएगी। छात्र नेताओं ने कहा कि प्राचार्य ने तानाशाह रवैए का छात्र संघ पूरी तरह से विरोध करता है। हिमांशु जाटव और अनिरुद्ध शर्मा ने कहा कि छात्र संघ ने कुलपति से वार्ता होने तक प्रवेश प्रक्रिया को बंद करने की चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि छात्रों के सम्मान और हक के लिए हर स्तर पर संघर्ष किया जाएगा। रैली में पूर्व महासंघ महासचिव संजीत कुमार, पूर्व छात्रसंघ सचिव ऋषभ जैन, रोहित सोनी, आयूष चौहान, राजू, विनीत रतूड़ी, रोहित नेगी, अनुज पाल, अब्दुल, साक्षी तिवारी, सिमरन अरोड़ा, गरिमा, यश अरोड़ा, नीतीश चमोली, मोहित मौर्य, अमन पांडेय, निशांत बागड़ी, कुनाल वाल्मीकि, आकाश उनियाल, विशाल भारती आदि थे।