लुमती-घरूड़ी में गरारी को ठीक करते ग्रामीण।
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बंगापानी (पिथौरागढ़)। 18 अक्तूबर को भारी बारिश से गोरी नदी पर बनी गरारी बह गई थी। गरारी बहने के बाद लोग शासन-प्रशासन से गरारी निर्माण की मांग कर रहे थे। जब ग्रामीणों की कहीं सुनवाई नहीं हुई तो उन्होंने ने शासन-प्रशासन को आइना दिखाकर खुद के प्रयासों से गरारी बना दी।
गोरी नदी पर बनी गरारी के बहने के बाद लुमती और घरूड़ी के ग्रामीणों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। गरारी नहीं होने के कारण उनको अतिरिक्त चार से पांच किलोमीटर पैदल चलना पड़ रहा था। सबसे ज्यादा दिक्कतें बुजुर्ग, महिलाओं और स्कूल जाने वाले बच्चों को हो रही थी।
गरारी निर्माण की मांग को लेकर ग्रामीणों ने जन प्रतिनिधियों और अधिकारियों से मुलाकात की लेकिन उनकी मांग को गंभीरता से नहीं लिया गया। ग्रामीणों ने शासन-प्रशासन को आइना दिखाकर खुद के प्रयासों से गरारी का निर्माण कर दिया है।
अब जल्द पुल बना दो सरकार
बंगापानी (पिथौरागढ़)। लुमती और घरूड़ी के ग्रामीण लंबे समय से शासन-प्रशासन से पुल बनाने की मांग कर रहे हैं। इसके बाद भी उनकी मांगों को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा है। पुल न होने और समय-समय पर गरारी के ध्वस्त होने से ग्रामीणों को काफी दिक्कतें उठानी पड़ रही हैं। ग्रामीणों ने शीघ्र पुल के निर्माण की मांग की है।