मूनाकोट। अशोकनगर-बेलतड़ी सड़क के लिए 32वें दिन भी ग्रामीणों ने धरना, प्रदर्शन कर सरकार के खिलाफ नारे लगाए। उन्होंने कहा कि समाधान नहीं किया गया जाएगा तो उग्र आंदोलन किया जाएगा।
मंगलवार को पार्वती भट्ट और भागीरथी देवी ने धरना दिया। उन्होंने कहा कि शासन-प्रशासन ग्रामीण क्षेत्रों में अनदेखी कर रहा है। नेपाल सीमा से लगे लोगों की मजबूर होकर सड़क के लिए आंदोलन कर रहे हैं।
दो किमी सड़क पर डामरीकरण का मामला एसआईटी जांच के कारण लटका है लेकिन न तो सरकार और न प्रशासन इस पर ध्यान दे रहा है। ग्रामीण सालों से पैदल चलने को मजबूर हैं। नेता, जनप्रतिनिधियों ने आंदोलन से किनारा कर लिया है। धरना प्रदर्शन में केशव दत्त भट्ट, माधव भट्ट, श्यामदत्त भट्ट, ललित भट्ट आदि शामिल रहे।
मड़कनाली-सुरखाल पाठक सड़क निर्माण की मांग को आंदोलन जारी
गंगोलीहाट (पिथौरागढ़)। मड़कनाली से सुरखाल पाठक तक सड़क बनाने की मांग कर रहे ग्रामीणों के क्रमिक अनशन 107वें दिन भी जारी रहा। आंदोलन की सुध न लेने से ग्रामीणों में शासन प्रशासन के खिलाफ जबरदस्त आक्रोश है। मंगलवार को ठाकुर सिंह बिष्ट महिपाल सिंह भंडारी क्रमिक अनशन में बैठे।
इस दौरान उन्होंने शासन-प्रशासन के खिलाफ जमकर नारे लगा प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि लंबे समय से वह सड़क निर्माण की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे हैं लेकिन उनकी मांगों को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा है।
उन्होंने शीघ्र मांग पूरी नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है। इस मौके पर संघर्ष समिति के अध्यक्ष ललित सिंह, केदार सिंह, बलबीर सिंह, जगत सिंह, पुष्कर सिंह, भगवान सिंह, नारायण सिंह, प्रताप सिंह शामिल रहे।