रामनगर (नैनीताल)। वैष्णो देवी के दर्शन कर लौट रहे रामनगर के डॉ. प्रमोद मेहरोत्रा सहारनपुर में ट्रेन से उतरते वक्त पैर फिसलने से गिर पड़े। गंभीर हालत में उन्हें हरिद्वार के अस्पताल में ले जाया गया, जहां डाक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। बजाजा लाइन रामनगर में डॉ. मेहरोत्रा का क्लीनिक है।
डॉ. प्रमोद अपनी पत्नी रजनी के साथ वैष्णो देवी की यात्रा से वापस आ रहे थे। मंगलवार सुबह सहारनपुर रेलवे स्टेशन पर डॉ. प्रमोद रेलवे कैंटीन से चाय लेने के लिए ट्रेन से उतरे। तभी उनका पैर फिसल गया, जिससे उनके सिर और कमर में गहरी चोट आ गई। बताया गया कि जिस ट्रेन से डॉ. प्रमोद लौट रहे थे वह रुड़की स्टेशन में नहीं रुकती है। इसके बाद एसओ जीआरपी अनुज सिंह ने 108 एंबुलेंस को सूचना देकर रेलवे स्टेशन पर बुलाया और घायल डॉ. प्रमोद को हरिद्वार अस्पताल में भर्ती कराया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। डॉ. प्रमोद के निधन की खबर सुनते ही शहर वासियों में शोक की लहर दौड़ गई। डॉ. प्रमोद 51 साल से लगातार रामनगर में क्लीनिक चला रहे थे। उनकी बड़ी बेटी सुभरा की शादी इलाहाबाद में हुई है, जबकि छोटी बेटी डॉ. चारु मेहरोत्रा लखनऊ में रहती है।
उधर, डॉ. प्रमोद के निधन की सूचना पर उनके मित्र शरद मल्होत्रा हरिद्वार के लिए रवाना हो गए। डॉ. प्रमोद के निधन पर रामनगर के सभी चिकित्सकों ने शोक व्यक्त कर ओपीडी बंद रखी।
डॉ. प्रमोद कई सामाजिक संगठनों से भी जुड़े थे। डॉ. प्रमोद मेहरोत्रा अपनी पत्नी के साथ विगत 32 साल से लगातार वैष्णो देवी यात्रा पर जा रहे थे। वह आईएमए के रामनगर शाखा के संरक्षक भी थे।