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बारिश व तेज हवा से खेतों में बिछी गेहूं व सरसों की फसल

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बादशाहपुर में बारिश और ओलावृष्टि से गिरी फसल । - फोटो : HARIDWAR
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क्षेत्र में मंगलवार रात को कई स्थानों पर तेज हवा के साथ बारिश और ओलावृष्टि से सरसों व गेहूं की फसल को नुकसान पहुंचा है। सरसों की फसल लगभग पक चुकी थी।
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क्षेत्र में मिस्सरपुर, पंजनहेड़ी, अजीतपुर, जियापोता, किशनपुर, गाडोवाली, कटारपुर, चांदपुर, बिशनपुर, पुरानी कुंडी, फेरूपुर, धनपुरा, घिस्सूपुरा, पदार्था, शाहपुर, बादशाहपुर, शेरपुर, नई कुंडी, भट्टीपुर, नसीरपुरकलां, धारीवाला, टिकौला, हरसीवाला, रानीमाजरा, भुवापुर चमरावल, शिवगढ़, फुलगढ़, गोविंदगढ़, दुर्गागढ़, आदर्श टिहरी नगर, टिहरी डोब नगर, ऐथल, सुभाषगढ़, एकड़ कलां, एकड़ खुर्द, बहादरपुर जट, झाबरी, अम्बूवाला, सुखरासा, जसोद्दरपुर आदि स्थानों पर मंगलवार रात तेज हवा के साथ बारिश और ओलावृष्टि हुई है। सुनील धीमान, सुशील कुमार, मोहन सिंह, प्रमोद कुमार, चरण सिंह ने बताया कि सरसों की फसल पर ओला पड़ने से उसका दाना काला पड़ जाएगा। दूसरी ओर कृषि विभाग के बहादराबाद ब्लॉक अधिकारी बीर सिंह का कहना है कि कुछ स्थानों पर तेज हवा के साथ बारिश और ओलावृष्टि से सरसों की फसल का नुकसान होने की जानकारी मिली है।
आलू की फसल को गलन रोग, पत्ते पड़े पीले
पिछले चार दिन से लगातार हो रही बारिश के बाद आलू की फसल को नुकसान पहुंचने लगा है। खेतों में पानी भरने से गलन बढ़ गई और रोग लगने की आशंका बढ़ गई। आलू के पौधों का रंग पीला पड़ने लगा। आगे भी यदि मौसम ऐसा रहता है तो किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है।
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पथरी क्षेत्र में रानीमाजरा,बिशनपुर, टिकौला आदि गांवोें के किसान आलू की खेती करते हैं। करीब दो महीने पहले किसानों ने आलू लगाया था। अब उसके पौधे काफी बड़े हो गए और फल भी लगने लगा। इस बीच बीते सप्ताह आठ जनवरी को पूरे प्रदेश के साथ जनपद में जमकर बारिश हुई। इसके बाद से लगातार बारिश हो रही है। बारिश के साथ हवा और बुधवार तड़के हुई ओलावृष्टि से सबसे ज्यादा नुकसान आलू की फसल को हुआ है। बारिश के पानी से खेत लबालब हो गए हैं। किसानों के मुताबिक पिछले हफ्ते की बारिश से आलू की पौध खराब होने लगी है। पत्ते पीले पड़ने से टूटकर गिरने लगे हैं। बारिश किसानों की मेहनत पर पानी फेर रही है। संवाद
- लगातार बारिश और ओलावृष्टि से फसल आलू की बर्बाद होने के कगार पर पहुंच गई है। फसल का लागत मूल्य भी नहीं मिलेगा। नुकसान की भरपाई कैसे होगी, यहीं सोचकर परेशान हूं।
- किसान देशराज सैनी, रानीमाजरा
- खेतों में बारिश का पानी भरने से आलू के पौधे के पत्ते पीले पड़ने लगे हैं। आलू खराब होने और रोग लगने की आशंका बढ़ गई है। अब अगर बारिश और ओलावृष्टि हुई तो आलू की फसल पूरी तरह से बर्बाद हो जाएगी।
- किसान सोमपाल, बिशनपुर
कर्ज लेकर खेत में आलू की फसल बोई है। लगातार बारिश से फसल बर्बाद हो रही है। राज्य में आचार संहिता लागू होने के कारण सरकार की ओर से फसल के नुकसान की कोई आर्थिक सहायता भी नहीं मिल सकती है। अब कर्ज की अदायगी कैसे होगी।
- किसान ब्रजपाल, बिशनपुर
- खेत की रात-दिन रखवाली कर आलू की फसल जैसे तैसे हाथियों से बचाई। बारिश और ओलावृष्टि ने फसल को बर्बाद कर मेहनत पर पानी फेर दिया है। फसल के नुकसान से काफी परेशान है।
- किसान ऋषिपाल चौहान, टिकौला
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लावृष्टि से आलू की फसल का नुकसान होने की जानकारी मिली है। क्षेत्र में जाकर आलू की फसल के नुकसान की जानकारी जुटाई जाएगी।
- बीर सिंह, बहादराबाद ब्लाक अधिकारी, कृषि विभाग
लाहड़पुर के किसान भी परेशान
लाहड़पुर गांव में आलू की खेती होती है। लगातार बारिश से आलू की फसल को गलने का खतरा बढ़ गया है। किसान यादराम सैनी ने बताया कि आलू अभी हरा हैं। खेतों में पानी भरने से आलू की ग्रोथ कम होगी। किसान ब्रह्मपाल सैनी ने बताया कि लगातार बारिश से खेतों में पानी भर रहा है। पानी निकालना पड़ रहा है, नहीं निकालेंगे तो आलू खराब हो जाएगा। राहुल सैनी ने बताया कि लगातार बारिश से आलू की फसल को नुकसान होने की आशंका है। लाहड़पुर के अरुण सैनी ने बताया कि आलू के खेतों में आलू की फसल 70 प्रतिशत तैयार है। ज्यादा नमी होने के कारण भी आलू की फसल काली पड़ जाती हैं। जिससे लागत मूल्य भी नही मिल पाएगा।
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