टनकपुर (चंपावत)। पूर्णागिरि धाम के हनुमान चट्टी के पास बड़ी चट्टान दरकने से मार्ग बंद हो गया है। डेढ़ सौ से अधिक श्रद्धालु पूर्णागिरि क्षेत्र में फंसे हैं। खराब मौसम मार्ग खोलने की कार्रवाई में बाधक बना हुआ है।
पत्थर इतना बड़ा है कि उसे हटाने के लिए संसाधन के अभाव में विभाग लाचार बना है। ऐसे में मार्ग के जल्द खुलने की उम्मीद कम नजर आ रही है।
बाटनागाड़ में भी काफी मलबा आने से मार्ग बंद हो गया है। प्रशासन ने मंदिर समिति से फंसे यात्रियों के लिए निशुल्क भोजन और रात में ठहरने की व्यवस्था करने के निर्देश दिए हैं।
टनकपुर क्षेत्र में शनिवार की रात से शुरू हुई बारिश रविवार की सुबह कुछ देर रुकी रही, लेकिन दोपहर बाद फिर मूसलाधार बारिश शुरू हो गई।
बताया गया कि दोपहर करीब ढाई बजे पूर्णागिरि मार्ग पर हनुमान चट्टी के पास अचानक पहाड़ी का एक बड़ा हिस्सा दरक कर सड़क पर आ गिरा। गनीमत रही कि उस वक्त वहां से कोई वाहन नहीं गुजर रहा था, वरना बड़ा हादसा हो सकता था।
लोनिवि के एई एपीएस बिष्ट का कहना है कि पहाड़ दरकने से चट्टान का बड़ा पत्थर गिरा है, जिसे जेसीबी मशीन से हटा पाना संभव नहीं है।
उसे हटाने के लिए ब्रेकर मशीन की जरूरत हैं। ब्रेकर मशीन मंगाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि खराब मौसम के कारण मलबा हटाने में मजदूरों को लगाना भी जोखिम भरा बना हुआ है।
मंदिर समिति के उपाध्यक्ष नीरज पांडेय के मुताबिक सड़क बंद होने से पूर्णागिरि में करीब डेढ़ सौ से ज्यादा यात्री फंसे हैं। एसडीएम हिमांशु कफल्टिया ने बताया कि मंदिर समिति को फंसे यात्रियों के भोजन और रहने की व्यवस्था करने को कहा गया है।