संवाद न्यूज एजेंसी
पोखरी। कलसीर गांव में चल रही पांडव लीला के तहत शुक्रवार को कमलव्यूह का मंचन किया गया। मंचन में दिखाया गया कि किस तरह अर्जुन जयद्रथ के वध की प्रतिज्ञा लेते हैं।
मंचन में महाभारत युद्ध में अर्जुन की अनुपस्थिति में कौरव चक्रव्यूह की रचना कर उनके पुत्र अभिमन्यु को मार देते हैं जिस पर अर्जुन प्रतिज्ञा लेते हैं कि कल सूर्यास्त से पहले जयद्रथ का वध करेंगे नहीं तो चिता में जलकर प्राण त्याग देंगे। जयद्रथ की सुरक्षा के लिए गुरु द्रोणाचार्य कमलव्यूह की रचना करते हैं। इसमें युद्ध करते-करते अर्जुन जयद्रथ तक नहीं पहुंच पाते। सूर्य अस्त का समय होने वाला होता है, तब श्रीकृष्ण माया से सूर्य को ढक देते हैं। सूर्यास्त देख अर्जुन चिता की तैयारी करने लगते हैं। यह देख जयद्रथ सामने आ जाता है। तब श्रीकृष्ण अपने सुदर्शन चक्र को हटा देते हैं और अर्जुन से कहते हैं कि अभी सूर्य अस्त नहीं हुआ है, जयद्रथ तुम्हारे सामने है। इसके बाद अर्जुन जयद्रथ का वध कर देते हैं। इस दौरान बदरीनाथ विधायक राजेंद्र भंडारी भी शामिल हुए।
अर्जुन ने किया गैंडा वध
पीपलकोटी। विकासखंड दशोली के किरूली गांव में चल रही पांडव लीला में अर्जुन ने गैंडा वध किया। भगवान नारायण का पैंय्या के साथ विवाह के बाद पांडव चौक पर सभी पांडव नृत्य करते हैं। नागार्जुन हाथी पर सवार होकर पांडव चौक पहुंचते हैं। अर्जुन और श्रीकृष्ण रथ से चौक में आते हैं। जहां अर्जुन गैंडे का वध करते हैं। पांडवनी गायक देवेंद्र रावत ने आयोजन को भक्तिमय बना दिया। इस दौरान जिला पंचायत सदस्य दीपा देवी, हरक सिंह नेगी, यशवंत फरस्वाण, योगेंश्वर प्रसाद हटवाल और संतोष फरस्वाण आदि मौजूद रहे।