नागर शैली में बना है मंदिर
बागनाथ मंदिर को उत्तर भारत का एकमात्र दक्षिणमुखी प्राचीन शिव मंदिर माना जाता है। मंदिर का निर्माण वर्ष 1602 में चंद शासक लक्ष्मी चंद ने कराया था। इतिहासकारों में मंदिर के निर्माण को लेकर मत भिन्नता है। कुछ इतिहासकार मंदिर को सातवीं से नवीं सदी का बताते हैं। इस मंदिर के नागर शैली में बने होने का उल्लेख इतिहास में मिलता है।
सड़क सौंदर्यीकरण, पार्किंग का भी प्रस्ताव
योजना के तहत सड़कों के सौंदर्यीकरण के साथ ही बहुमंजिली पार्किंग का भी प्रस्ताव था। सड़कों के किनारे लाइटिंग भी योजना के तहत प्रस्तावित है।
बिजली और परंपरागत शवदाह की व्यवस्था
प्रसाद योजना के तहत बिजली के शवदाह गृह के साथ ही परंपरागत शवदाह का भी प्रावधान किया गया है। यानि कि परंपरागत शवदाह की व्यवस्था पूर्ववत रहेगी।
प्रसाद योजना के तहत 49 करोड़ रुपये स्वीकृत हुए हैं। योजना का काम शुरू कराने के लिए प्राथमिकता से कार्य किया जाएगा। इस योजना से बागनाथ मंदिर भव्य स्वरूप में सामने आएगा।
-पार्वती दास, विधायक, बागेश्वर।