बागेश्वर। जिला पंचायत सदस्यों के आंदोलन के समर्थन में 24 घंटे के उपवास पर बैठे कांग्रेस के प्रदेश महामंत्री और कपकोट के पूर्व विधायक ललित फर्स्वाण ने मंगलवार सुबह उपवास तोड़ा। एडीएम चंद्र सिंह इमलाल ने फर्स्वाण को जूस पिलाकर, बिस्कुट खिलाकर उपवास तुड़वाया। डीएम को दिए ज्ञापन में जिपं सदस्यों की मांगों पर कार्रवाई न होने पर जिला कांग्रेस की ओर से आंदोलन की चेतावनी दी।
उपवास तोड़ने से पहले कलक्ट्रेट परिसर में हुई सभा में पूर्व विधायक फर्स्वाण ने कहा कि जिपं उपाध्यक्ष और आठ जिपं सदस्य दो महीने से आंदोलित हैं। इसलिए जिपं अध्यक्ष को नेकदिली दिखा सदस्यों की मांग पूरी करनी चाहिए।
कांग्रेस जिलाध्यक्ष लोकमणि पाठक ने कहा कि जिपं में लोकतांत्रिक व्यवस्था की अनदेखी हो रही है। कांग्रेस अनुसूचित जाति, जनजाति प्रकोष्ठ के प्रदेश उपाध्यक्ष सज्जन लाल टम्टा, कांग्रेस के प्रदेश महामंत्री बालकृष्ण, कांग्रेस नेता रंजीत दास ने कहा कि सरकार और प्रशासन आंदोलन को कुचलने का प्रयास कर रहा है।
महिला कांग्रेस की प्रदेश सचिव इंदिरा जोशी, जिलाध्यक्ष गीता रावल, महिला सेवादल की जिलाध्यक्ष सुनीता टम्टा, महिला नेत्री लक्ष्मी धर्मशक्तू ने भी संबोधित किया। कांग्रेस सेवादल के जिलाध्यक्ष वीरेंद्र नगरकोटी ने संचालन किया।
सभा में यूथ कांग्रेस के प्रदेश प्रवक्ता अंकुर उपाध्याय, ईश्वर चंद्र पांडे, जिला मीडिया प्रभारी महेश पंत, जिला महामंत्री किशन कठायत, जिला उपाध्यक्ष बहादुर सिंह बिष्ट, कांग्रेस नगर अध्यक्ष धीरज कोरंगा, रिजवान खान, कुंदन गिरी गोस्वामी, धीरज गढ़िया, सुरेश गढ़िया आदि थे।
वहीं कलक्ट्रेट परिसर में हुई सभा में यूथ कांग्रेस जिलाध्यक्ष कवि जोशी ने जिपं उपाध्यक्ष और सदस्यों की मांगों पर कार्रवाई न होने पर इसी माह के अंत में जिला मुख्यालय में चक्काजाम की चेतावनी दी। कहा कि जिला प्रशासन ने जांच कमेटी गठित करने के बाद चुप्पी साध दी है। अगर जिला पंचायत सदस्यों के आरोप गलत हैं तो सरकार और प्रशासन आरोपों को गलत ठहराए। अन्यथा कार्रवाई करे।
जिपं उपाध्यक्ष, सदस्यों का आंदोलन जारी
बागेश्वर। जिपं उपाध्यक्ष नवीन परिहार के नेतृत्व में मंगलवार को भी जिपं सदस्यों का धरना जारी रहा। जिपं उपाध्यक्ष ने कहा कि जिपं में घोर अनियमितताएं हुई हैं। पूर्व में बगैर उनकी सहमति के समितियों का गठन कर दिया गया। जिपं उपाध्यक्ष शिक्षा समिति के उपाध्यक्ष होते हैं, लेकिन बगैर उनके संज्ञान में लाए समिति गठित की गई। समितियों का कार्यकाल पूरा होने के बाद पुनर्गठन नहीं हो रहा है।
जिपं की परिसंपत्तियों के कौड़ी के भाव बेचने का प्रयास किया जा रहा है। लाखों रुपये की कार की बोली एक लाख रुपये रखना इसका बड़ा उदाहरण है। धरने पर बैठे जिपं सदस्य वंदना ऐठानी, गोपा धपोला, इंदिरा परिहार, सुरेंद्र खेतवाल, रूपा कोरंगा, पूजा आर्या, रेखा देवी ने आंदोलन को समर्थन देने के लिए पूर्व विधायक ललित फर्स्वाण और उनके साथियों का आभार जताया। संवाद
जिपं अध्यक्ष के बचाव में आए भाजपा जिलाध्यक्ष
बागेश्वर। भाजपा जिलाध्यक्ष शिव सिंह बिष्ट जिपं अध्यक्ष बसंती देव के बचाव में आए हैं। भाजपा जिलाध्यक्ष और जिपं अध्यक्ष देव ने संयुक्त प्रेसवार्ता कर जिपं सदस्यों के आंदोलन को राजनीति से प्रेरित बताया। भाजपा जिला कार्यालय में हुई पत्रकार वार्ता में भाजपा जिलाध्यक्ष शिव सिंह बिष्ट ने कहा कि जिपं के विकास कार्यों में बाधा डालने के लिए आंदोलन किया जा रहा है।
कहा कि असंतुष्ट सदस्यों के आंदोलन के पक्ष में पूर्व विधायक ललित फर्स्वाण के 24 घंटे के उपवास को नौटंकी बताया। कहा कि सदस्यों ने जिपं अध्यक्ष को आंदोलन की सूचना तक नहीं दी। जिपं अध्यक्ष बसंती देव ने कहा कि जिपं में सारे कार्य नियमानुसार हो रहे हैं। विरोध सदन में होना चाहिए था लेकिन कांग्रेस से जुड़े सदस्य राजनीतिक भावना से आंदोलन चला रहे हैं। कहा कि कांग्रेस जनता को भ्रमित कर रही है।