इस तरह से टिन शेड में संचालित हो रहा रानीखेत का अग्निशमन केंद्र। संवाद
- फोटो : RANIKHET
रानीखेत (अल्मोड़ा)। वर्षों से टिनशेड में संचालित रानीखेत उपमंडल के एकमात्र अग्निशमन केंद्र को अब शीघ्र ही कार्यालय और आवास के लिए भूमि मिल जाएगी। रक्षा संपदा निदेशक डॉ. डीएन यादव की पहल पर अब कुंपुर लालकुर्ती स्थित भूमि विभाग के नाम जीएलआर में भी अंकित कर दी जाएगी। निदेशक ने रक्षा संपदा अधिकारी को इस संबंध में शीघ्र कार्रवाई करने के निर्देश भी जारी कर दिए हैं।
रानीखेत सहित सल्ट, चौखुटिया, द्वाराहाट, सल्ट तहसीलों का एकमात्र अग्नि शमन विभाग भूमि के अभाव में लंबे समय से टिनशेड में चल रहा है। भूमि आवंटन की प्रक्रिया लंबे समय से चल रही थी। दरअसल, कुंपुर लालकुर्ती में जिस स्थान पर केंद्र का संचालन हो रहा है, वह भूमि रक्षा संपदा विभाग की है। स्थायी कार्यालय और आवासीय भवनों के लिए कुल 2.025 एकड़ भूमि चयनित है। रक्षा विभाग की भूमि होने के कारण भूमि के हस्तांतरण और अन्य प्रक्रियाओं में काफी विलंब हुआ है। विभाग को कार्यालय, आवास, वाहनों के गैराज और पानी की समस्या का भी सामना करना पड़ रहा था। रक्षा संपदा निदेशक डॉ. डीएन यादव ने अब रक्षा संपदा अधिकारी को पत्र भेजकर जीएलआर में नाम अंकित करने के निर्देश दे दिए हैं। इसके लिए पूर्व उपाध्यक्ष और संजय पंत ने रक्षा संपदा विभाग का आभार जताया है।
-लंबे समय से रक्षा संपदा अधिकारी बरेली और प्रधान निदेशक को कई बार पत्र भेजकर इस लीज भूमि को अग्निशमन विभाग के नाम जीएलआर में अंकित करने की मांग कर रहे थे। अब निदेशक ने जीएलआर में विभाग का नाम अंकित करने के निर्देश दे दिए हैं। अब समस्या दूर हो जाएगी।-मोहन नेगी, नामित सदस्य छावनी परिषद।
-अग्निशमन केंद्र के लिए भूमि जीएलआर (दाखिल खारिज) कराने के लिए उच्चाधिकारियों द्वारा रक्षा संपदा विभाग को निर्देशित किया गया है। डीओ बरेली की तरफ से इस संबंध में शीघ्र ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।-गोपाल सिंह बिष्ट, जेई कैंट।