द्वाराहाट (अल्मोड़ा)। बग्वालीपोखर के ऐतिहासिक बग्वाई कौतिक का रंगारंग कार्यक्रमों के साथ समापन हो गया। दो दिन तक चले मेले में जहां रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों की धूम मची रही, वहीं तीसरे दिन मीना बाजार में लोगों ने जमकर खरीदारी की। रविवार की रात प्रख्यात लोक गायक रमेश बाबू गोस्वामी ने हाय तेरी रुमाला गुलाबी मुखड़ी... गाकर दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया।
विहान सांस्कृतिक एवं सामाजिक संस्था अल्मोड़ा, देवभूमि मां शारदे लोक कला केंद्र अल्मोड़ा, हिमालयन लोक कला केंद्र अल्मोड़ा की टीमों ने रंगारंग कार्यक्रम प्रस्तुत कर दर्शकों का मन मोह लिया। देर रात तक चले कार्यक्रम में स्व. गोपाल बाबू गोस्वामी के सुपुत्र रमेश बाबू गोस्वामी ने गोपुली सटकै लिगो चोरा, अलबेरै बिखोती मेरी दुर्गा हरै गे जैसे गीतों से मन मोह लिया।
गायक विनोद आर्या ने प्रीति बग्वाई पोखरा गीत गाया, किशोर राधे और अमित बिधुड़ी, कल्याण बोरा, शिरोमणि भतरौंजी, संजय पथनी, लोक गायिका कविता मेहरा, रुचि आर्या, शालिनी आर्या ने भी लोक संध्या कार्यक्रम में रंग बिखेरे। इससे पूर्व लोक संध्या कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए पूर्व विधायक मदन सिंह बिष्ट ने कहा कि ये आयोजन संस्कृति के संरक्षण में सहायक हैं। वहीं, पलायन आयोग के सदस्य अनिल शाही ने कहा कि बग्वाई मेला समिति ने बेहतरीन आयोजन किया है। वहां पर वरिष्ठ रामलीला निर्देशक मनोहर भंडारी आदि थे।
गांव बड़ा हो गया है, मेरी गोद छोटी हो गई : नेगी
मेले के मंच में विधायक महेश नेगी अपना रिपोर्ट कार्ड प्रस्तुत कर रहे थे। उसी समय मंच में उपस्थित मेल्टा के ग्राम प्रधान प्रमोद जोशी ने चुटकी लेते हुए कहा कि विधायक के गांव को गोद लेने के बाद भी विकास से वंचित हैं। इस पर विधायक तपाक से बोल बैठे, गांव बड़ा हो गया है और उनकी गोद छोटी हो गई है।
बग्वाई कौतिक में रंगारंग कार्यक्रम प्रस्तुत करते कलाकार। संवाद- फोटो : RANIKHET
बग्वाई कौतिक में कार्यक्रम पेश करते कलाकार। संवाद- फोटो : RANIKHET