निजी दौरे पर वाराणसी पहुंचे बाबा रामदेव ने श्री काशी विश्वनाथ, मां अन्नपूर्णा, बाबा कालभैरव और संकटमोचन के दरबार में मत्था टेका। श्रद्धालुओं ने योग गुरु को अपने बीच पाकर उनका अभिवादन हर-हर महादेव... के साथ किया। रविवार को योगगुरु रामदेव पैदल ही श्री काशी विश्वनाथ मंदिर पहुंचे। उन्होंने स्वर्ण शिखर को प्रणाम कर गर्भगृह में प्रवेश किया। बाबा विश्वनाथ का पूजन करने के साथ ही जलाभिषेक भी किया।
बाबा विश्वनाथ मंदिर के मुख्य कार्यपालक अधिकारी सुनील वर्मा ने बाबा रामदेव को अंगवस्त्र भेंट किया। इसके बाद बाबा रामदेव माता अन्नपूर्णा के दरबार पहुंचे। यहां पर विधि-विधान से पूजन-अर्चन किया। अन्नपूर्णा मंदिर के महंत शंकर पुरी ने उन्हें स्मृति चिह्न और प्रसाद भेंट किया। मंदिर में आने वाले भक्तों ने बाबा रामदेव के साथ तस्वीरें भी खिंचवाईं। इसके बाद उन्होंने बाबा कालभैरव के दर्शन किए।
संकटमोचन मंदिर में दर्शन-पूजन के बाद बाबा रामदेव ने जब पहलवान की लस्सी चखी तो कहा कि इसमें तो बनारस का रस घुला है। बाबा रामदेव ने मनोज यादव से पूछा कि यह लस्सी है या रबड़ी, इतनी शानदार लस्सी कैसे तैयार की है? इतनी जोरदार लस्सी बनाएगा, तो पूरे काशी का आशीर्वाद तुझे मिल जाएगा।