नखवां ढाब क्षेत्र में अधिक संख्या में पशुओं के लिए चारे की तत्काल व्यवस्था कराने के लिए पशु प्रसार अधिकारी को निर्देश दिया। साथ ही सभी बाढ़ चौकियों पर ड्यूटी पर तैनात किए गए लेखपाल, कानूनगो, राजस्व कर्मियों के साथ ही स्वास्थ्य विभाग, पशुधन प्रसार अधिकारी आदि की समय से उपस्थिति सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया। सुबह आठ बजे और शाम चार बजे फीडबैक उपलब्ध कराने का भी निर्देश दिया।
बाढ़ से प्रभावित पशुओं के चारे की व्यवस्था करके मुख्य पशु चिकित्साधिकारी कल से ही वितरण प्रारम्भ कराते हुए दो दिनों में जिले की समस्त बाढ़ क्षेत्र में पशुओं हेतु उपलब्ध कराना सुनिश्चित करायेंगे, मुख्य चिकित्सा अधिकारी को स्वास्थ्य विभाग की टीम लगाकर सम्पूर्ण बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में स्वास्थ्य परीक्षण एवं दवा वितरण का कार्य सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया गया।
वाराणसी के कोनिया इलाके में बाढ़ की वजह से लोग गलियों में नाव चल रहीं।
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जिलाधिकारी ने एडीएम प्रशासन को ग्रामीण क्षेत्रों के पर्यवेक्षण की जिम्मेदारी, एसीएम पंचम को ढाब और कैथी क्षेत्र की जिम्मेदारी दी है। उप जिलाधिकारी न्यायिक को चितईपुर, रमना, सामने घाट की जिम्मेदारी और डिप्टी कलेक्टर न्यायिक (पिंडारा) को सरैया, ढ़ेलवरिया की जिम्मदेरा सौंपी गई है। ईओ गंगापुर व रामनगर को सूजाबाद, डोमरी क्षेत्र का प्रभार दिया गया।
उन्होंने मंगलवार की सुबह से ही बाढ़ प्रभावित गांवों में सभी जगह खान-पान की व्यवस्था शुरू कराने का निर्देश दिया। जहां स्कूलों में लोग रुके हैं, वहां स्कूल के स्टाफ मिड डे मील तैयार करा कर देंगे। इसके अलावा सूजाबाद में एक, ढ़ेलवरिया में दो, कोनिया में एक, सरैया में एक, वरुणा पुल के नीचे एक और इमलिया घाट में एक स्थान पर कैंप के पास हलवाई से भोजन तैयार कराकर राहत शिविरों में उपलब्ध कराने का निर्देश दिया।
शहरी क्षेत्र में शेल्टर होम में ठहरे हुए लोगों के लिए वहीं पर भोजन तैयार कराया जाएगा। इसके अलावा कम्युनिटी किचिन में भोजन तैयार कराकर उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने बच्चों व बुजुर्गों को दूध, केला सेब आदि भी दिए जाने के साथ ही सुबह के नाश्ते में चाय, ब्रेड, बिस्कुट आदि विशेष रूप से जोर दिया।
कंट्रोल रूम को पूरी सक्रियता से कार्य करने की विशेष हिदायत दी। साथ ही प्राप्त सूचनाओं के तुरंत निस्तारण के लिए संबंधित अधिकारी/कर्मचारी को जानकारी देने का निर्देश दिया। राहत कार्यों का फीड बैक नियमित रूप से प्राप्त कर हर दिन की रिपोर्ट उपलब्ध कराने का निर्देश दिया।