उप चुनाव आयुक्त नितेश व्यास ने कहा कि ईवीएम और वीवीपैट की उपलब्धता के बारे में बताया गया कि सभी मशीने थर्ड जनरेशन की हैं जिसमें अन्य एडवांस सुरक्षात्मक फीचर्स डाले गए हैं जो हर जिलों को पर्याप्त मात्रा में कंट्रोल यूनिट 120 फीसदी तथा वीवीपैट 130 फीसदी उपलब्ध कराई गई है।
ईवीएम डिमांस्ट्रेशन सेंटर के माध्यम से लोगों को वोट डालने की प्रक्रिया बताई जाए और साथ ही मोबाइल वैन के द्वारा भी लोगों को जागरूक करने और वोट डालने की प्रक्रिया बताए जाने के निर्देश दिए। तीनों मंडलों के सभी जिलों के जिला निर्वाचन अधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों ने अपनी-अपनी चुनावी तैयारियों के बारे में विवरण प्रस्तुत किये और समस्याओं को बताया
चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन से संबंधित वादों पर कार्यवाही किए जाने पर कहा कि इसमें कड़ा रुख अपनाया जाए जिससे अराजक तत्व में कार्यवाही किए जाने का खौफ पैदा हो और चुनाव की प्रक्रिया स्वतंत्र और निष्पक्ष रूप से संचालित हो सके। शहरी क्षेत्र में कम से कम एक आल वूमेन पोलिंग बूथ बनाए जाएं, जिस पर शत प्रतिशत महिला मतदानकर्मी हों। इसके साथ ही जेंडर रेशियो बढ़ाने पर भी विशेष जोर देने पर जोर दिया।
उप चुनाव आयुक्त ने कहा कि सभी जिलों में पार्टी रैलियों, जन सभाओं के लिए स्थलों को चिन्हित कर लिए जाएं जिसे फर्स्ट कम, फर्स्ट सर्व (पहले आओ पहले पाओ) पर उपलब्ध कराएंगे। पोलिंग पार्टियों की ट्रेनिंग अच्छी तरह से कराएं और वे एकदम ट्रेंड हों। गणना कक्ष में सात टेबल लगाए जाने के लिए निर्वाचन आयोग के निर्देश दिए गए हैं।
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