गोद लेकर गांव को ही भूल गए सांसद
- दो साल पहले राज्यसभा सांसद ने कपरफोरवा को आदर्श गांव बनाने की घोषणा की थी, मगर नहीं हुआ एक भी काम
- सात हजार की आबादी वाले गांव में ना पंचायत भवन और ना ही आंगनबाड़ी केंद्र,
अमर उजाला ब्यूरो
वाराणसी। आराजी लाइन विकास खंड के कपरफोरवा गांव के लोग दो साल से सांसद आदर्श गांव की सुविधाओं का इंतजार कर रहे हैं। दो साल पहले राज्यसभा सांसद जीवीएल नरसिम्हा राव ने इस गांव को गोद लिया था तो यहां के लोगों की उम्मीदें भी परवान चढ़ी थी। गोद लेने के बाद सांसद अपने गांव को ही भूल गए। यही कारण है कि सात हजार की आबादी वाले इस गांव में दो साल में कोई विशेष प्रयास नहीं किए गए। अब तक यहां न पंचायत भवन बन पाया है और ना ही आंगनबाड़ी केंद्र ही धरातल पर उतर पाया है।
गांव में ग्राम पंचायत की बैठक खुले स्थान या प्राथमिक विद्यालय में की जाती है और आंगनवाड़ी केंद्र का निर्माण नहीं होने से आंगनबाड़ी कार्यकर्ती छोटे-छोटे बच्चों को खुले में पेड़ के नीचे पढ़ाने को मजबूर है। इतनी बड़ी आबादी वाले गांव में एक उप स्वास्थ्य केंद्र है जो जर्जर हो चुका है और यहां एक भी स्वास्थ्य कर्मी नहीं आता है। इस गांव में अधिकतर सड़कें कच्ची तथा खड़ंजा हैं। यहां बता दें कि जीवीएल नरसिम्हा राव उत्तर प्रदेश से ही राज्यसभा सांसद हैं और वर्ष 2019 में उन्होंने कपरफोरवा गांव को सांसद आदर्श गांव के लिए गोद लिया था। मगर, कोई प्रयास नहीं होने के कारण दो साल बाद भी गांव की स्थिति जस की तस बनी है।
ब्लॉक से लेकर जिले के अधिकारियों तक पंचायत भवन की मांग को लेकर प्रार्थना पत्र दिया जा चुका है लेकिन आज तक कोई कार्यवाही नहीं हुई तथा आंगनवाड़ी केंद्र के लिए भी ब्लॉक से लेकर जिले के अधिकारियों तक प्रार्थना पत्र दिया गया है। आदर्श सांसद ग्राम घोषित हुए लेकिन एक भी काम सांसद निधि से नहीं हुआ है।
मनीष कुमार श्रीवास्तव, ग्राम प्रधान
हम दो साल से गांव के विकास का इंतजार कर रहे हैं। जब कोई काम नहीं करना था तो यह छलावा क्यों किया गया। हमारी उम्मीदों पर लगातार पानी फिर रहा है।
मंगला प्रसाद, ग्रामीण
यह गांव सांसद द्वारा गोद लिया गया, लेकिन विकास के नाम पर केवल धोखा दिया गया है। गांव विकास से कोसों दूर है जब सांसद गांव घोषित किया गया था तो ग्रामीणों को काफी आशा थी की गांव में विकास होगा।
रामसेवक सिंह, ग्रामीण
गांव के विकास में फिलहाल ग्राम पंचायत निधि और मनरेगा की निधि का उपयोग किया जा रहा है। अब तक आदर्श गांव के लिए कोई निर्देश नहीं मिला है।
विजय कुमार जायसवाल, खंड विकास अधिकारी, आराजी लाइन
कोेरोना के चलते कपरफोरवा के विकास की योजना नहीं बन पाई थी। अब जल्द ही इसकी पूरी कार्ययोजना बनाकर सरकारी योजनाओं का लाभ ग्रामीणों तक पहुंचाया जाएगा। इसी महीने गांव में विकास कार्य शुरू हो जाएगा।
जीवीएल नरसिम्हा राव, सांसद, राज्यसभा