अखिल भारतीय संत समिति और गंगा महासभा के राष्ट्रीय महामंत्री स्वामी जीतेंद्रानंद सरस्वती ने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के बयान को लेकर उन पर निशाना साधा है। स्वामी जीतेंद्रानंद ने रामालय की जांच करवाने की मांग की है।
स्वामी जीतेंद्रानंद सरस्वती ने कहा कि स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के द्वारा उद्धव ठाकरे को लेकर जिस तरह राजनीतिक वक्तव्य किए गए हैं, इस देश का संत समाज जानना चाहता है कि पालघर में उसके मुख्यमंत्री काल में पीट-पीट कर जिन संतो की हत्या की गई, क्या कभी पालघर के उन संतों के बारे में भी कभी जुबान खुली।