विज्ञान संस्थान (बीएचयू) के निदेशक प्रो. अनिल कुमार त्रिपाठी ने बताया कि इत्र में मिलावट की जांच करने वाला बीएचयू देश का पहला केंद्र होगा। मशीन लग गई है, बस लेजर के इंस्टॉल करने के बारे में भी अमेरिका के इंजीनियरों से बात चल रही है। जल्द ही जांच की सुविधा शुरू हो जाएगी।