Varanasi News: ऑनलाइन चालान कटने का पता लोगों को तब चल रहा है जब उनके घर ई-चालान की कॉपी पहुंच रही है। फोन पर इसकी जानकारी मैसेज के माध्यम से भी मिलती है। लेकिन जब घर पर इसकी कॉपी आती है तो अमूमन लोग उस समय अपने ऑफिस या अन्य कार्य स्थलों पर होते हैं। ऐसे में ई-चालान उनके घर की महिलाएं ही रिसीव करती हैं।
नियमों के उल्लंघन पर ट्रैफिक पुलिस द्वारा किया जाने वाला आूनलाइन चालान लोगों के सामने नई मुसीबत लेकर आया है। विभाग की यह सेवा लोगों के जीवन के कई राज भी खोलने लगी है। शहर में कुछ ऐसे मामले आए हैं, जिनमें ट्रैफिक पुलिस की ओर से भेजे गए ई-चालान से कई लोगों के राज खुल गए हैं। चालान घर वाले रिसीव कर रहे हैं और उसमें लगी फोटो को लेकर परिवार में कई सवाल खड़े होने लगे हैं।
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केस-1
मंडुवाडीह रेलवे स्टेशन के पास रहने वाला एक युवक बीएचयू में पढ़ता है। वह अपने पिता की मोटरसाइकिल लेकर बाहर गया था। इसी दौरान सिगरेट पीते हुए उसने रेड लाइन जंप कर दी। इसके बाद उसकी गाड़ी का चालान हो गया। चालान उसके पापा के मोबाइल नंबर पर गया। इसके बाद पिता ने जमकर क्लास लगाई।
केस -2
रामनगर की रहने वाली एक युवती को उसके पिता ने जन्मदिन पर स्कूटी गिफ्ट की। लड़की एक दिन अपने दोस्त के साथ घूमने गई। इसी दौरान गाड़ी का चालान हो गया। ई चालान पर पिता ने उसके दोस्त के साथ फोटो देखी। बेटी के घर आने पर पूछताछ की। इसके बाद पिता ने वापस बेटी से स्कूटी ले ली।
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केस -3
मंडुआडीह के रहने वाले एक युवक की एक महीने पहले ही शादी हुई थी। पिछले दिनों वह अपनी महिला दोस्त के साथ बिना हेलमेट के जा रहा था। उसका ई-चालान हो गया। चालान उसके घर आ गया। ई-चालान पत्नी ने रिसीव किया, चालान में लगी फोटो देखकर उसकी पत्नी उससे लगातार पूछताछ कर रही है।
ई-चालान में फोटो क्यों जरूरी
ट्रैफिक पुलिस के मुताबिक ई-चालान में सबूत के तौर पर फोटो क्लिक की जाती है। इससे साबित हो जाता है कि लोगों ने किस नियम को और कहां तोड़ा है। फोटो होने की वजह से कोई भी चालक झूठ नहीं बोल सकता।