Lok Sabha Election: भाजपा ने 2014 लोकसभा चुनाव में नारा दिया था कि अच्छे दिन आएंगे। उससे पहले पूर्वांचल में भाजपा के भी दिन अच्छे नहीं थे। 2014 में ही भाजपा के अच्छे दिन आए और आजमगढ़ छोड़कर सभी सीटों पर जीत हासिल कर ली। वहीं उससे पहले 2009 के लोकसभा चुनाव में लोकसभा की इन 13 सीटों में से सिर्फ वाराणसी और आजमगढ़ ही भाजपा के हिस्से में आई थी।
वाराणसी सीट पर भाजपा नेता डॉ. मुरली मनोहर जोशी सांसद बने थे और आजमगढ़ से रमाकांत यादव ने जीत हासिल की थी। भदोही, गाजीपुर, चंदौली और घोसी में तो भाजपा प्रत्याशियों की जमानत जब्त हो गई थी। सिर्फ लालगंज सीट पर ही भाजपा दूसरे स्थान पर थी। अधिकतर सीटों पर तीसरे नंबर पर रही थी और कुछ सीटों पर चौथे और पांचवें नंबर पर थी।
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इन सीटों पर जब्त हो गई थी जमानत
भदोही : बसपा के गोरखनाथ पांडेय ने जीत दर्ज की थी। उन्हें 1,95,808 वोट मिले और पांचवें नंबर पर रहे भाजपा के डॉ. महेंद्रनाथ पांडेय को 57,672 वोट मिले थे।
गाजीपुर : समाजवादी पार्टी के राधे मोहन सिंह ने जीत हासिल की थी। उन्हें 3,79,233 वोट मिले थे और भाजपा के प्रभुनाथ 21,679 वोटों के साथ तीसरे नंबर पर रहे थे। उन्हें कुल मतदान के सिर्फ 1.42 फीसदी ही वोट मिले थे।
चंदौली : सपा के रामकिशुन 1,80,114 वोटों के साथ सांसद बने और भाजपा के जवाहर लाल जायसवाल 76,096 वोट के साथ पांचवें नंबर पर रहे थे। मात्र सवा फीसदी वोट ही हासिल कर सके थे।
घोसी : बसपा के दारा सिंह चौहान ने 2,20,695 वोटों के साथ जीत हासिल की और भाजपा के भाजपा के राम इकबाल को सिर्फ 95,340 वोट मिले। उनकी जमानत भी जब्त हो गई।