भूतभावन भगवान आशुतोष के प्रिय माह सावन में दर्शन पूजन करने वालों की कतार लगी हुई है। सावन के दूसरे सोमवार पर सोम प्रदोष का संयोग सर्वसिद्धि कारक योग बन रहा है। सावन के दूसरे सोमवार को जलाभिषेक करने के लिए शनिवार की रात से बनारस में श्रद्धालुओं का आगमन शुरू हो गया। शनिवार को बाबा दरबार में डेढ़ लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक किया।
शनिवार को भोर में मंगला आरती के बाद से ही मंदिर में दर्शन पूजन का सिलसिला शुरू हो गया। दूर-दराज से आने वाले कांवरियों ने पहले दशाश्वमेध घाट पर गंगा स्नान किया और उसके बाद जल लेकर बाबा दरबार में जलाभिषेक के लिए कतारबद्ध हो गए।
सबसे अधिक भीड़ गंगा द्वार की तरफ से ही लग रही है। गंगा स्नान के बाद श्रद्धालु सीधे ललिता घाट होते हुए बाबा के धाम में पहुंच रहे हैं। ललिता घाट पर जेटी के डूबने के बाद श्रद्धालुओं के स्नान व जल लेने पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। इसके कारण श्रद्धालु दशाश्वमेध घाट पर स्नान करके बाबा धाम पहुंच रहे हैं। देर रात तक बाबा के दरबार में शिवभक्तों की कतार लगी रही।