इस संबंध में बड़ागांव थानाध्यक्ष बृजेश सिंह ने बताया कि हॉस्पिटल से मिली सूचना के आधार पर रोहित उर्फ राहुल के शव का पोस्टमार्टम कराया गया। ग्रामीणों से मिली जानकारी और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर प्रेमू कन्नौजिया को शनिवार को गिरफ्तार कर उसकी निशानदेही के आधार पर वारदात में प्रयुक्त बटखरा (बाट) बरामद किया गया।
रोहित उर्फ राहुल के गंभीर रूप से घायल होने के बाद प्रेमू ने बड़ागांव थाने में अज्ञात के खिलाफ हमला करने का मुकदमा दर्ज कराया था। हालांकि, जांच में जब वही आरोपी निकला तो पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। बड़ागांव थानाध्यक्ष की पूछताछ में प्रेमू ने कहा कि बेटे की करतूतों से आजिज आ गया था। गुस्से में उसके सिर पर बटखरा (बाट) से वार किया था। पैसा लगाकर भरपूर उपचार भी कराया, लेकिन वह बच नहीं पाया।
प्रेमू ने बताया कि बेटा आए दिन नशे की हालत में उसे और परिवार के अन्य लोगों को मारता-पीटता था। नशे के चक्कर में घर का सामान गिरवी रखने या जमीन बेचने में संकोच भी नहीं करता था। बेटे के चक्कर में घर में रोजाना कलह होती थी। प्रेमू ने कहा कि नियति को शायद यही मंजूर था। अब जो किया हूं, उसकी सजा तो काटना ही पड़ेगा।