सूबे के अतिसंवेदनशील नक्सल प्रभावित जनपद चंदौली, मिर्जापुर और सोनभद्र में गेल गैस सीएनजी स्टेशनों का जाल बिछा रहा है। घरों और फैक्ट्रियों में पाइप से गैस दौड़ाने की तैयारी अंतिम चरण में है। इससे इन जनपदों में लोगों को रोजगार मिलेगा। पहले चरण में इन जिलों में काम कर रही गेल गैस ने सात सीएनजी स्टेशन खोल भी दिए है। चंदौली और मिर्जापुर में तीन-तीन और एक स्टेशन चुनार में खोला गया। जबकि सोनभद्र में सीएनजी स्टेशन के लिए तीन स्थान चुर्क, चोपन, राबर्ट्सगंज चिन्हित कर लिए गए हैं।
गेल गैस अधिकारियों के अनुसार, अगले पांच वर्षों में तीनों जनपदों में 50 सीएनजी स्टेशन खोलने का लक्ष्य रखा गया है। पीएनजी और सीएनजी की सुविधा इन जनपदों में लोगों को पूरी तरह से चार-पांच साल में मिलनी शुरू हो जाएगी।
दूसरे चरण में गाजीपुर, भदोही और जौनपुर की बारी
दूसरे चरण में गाजीपुर, भदोही, जौनपुर में सीएनजी स्टेशन खोलने का लक्ष्य है। जौनपुर व भदोही में डोर-टू-डोर स्टील गैस पाइपलाइन बिछाने की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है। वहीं नवंबर में रामनगर औद्योगिक क्षेत्र फेज-टू की फैक्ट्रियों की चिमनियों से धुआं उठना बंद हो जाएगा।
चंदौली और मिर्जापुर में सात सीएनजी स्टेशन काम करना शुरू कर दिया है। सोनभद्र में भी तीन स्थान चिन्हित कर लिए गए हैं। इन जिलों में पाइप्ड नैचुरल गैस दौड़ाने की भी तैयारी तेजी से चल रही है। नवंबर में रामनगर औद्योगिक क्षेत्र फेज-टू की फैक्ट्रियों की चिमनियों से धुआं उठना बंद हो जाएगा।- कर्ण सिंह, उप महाप्रबंधक गेल गैस लिमिटेड