जेल में दोपहर एक बजे तक सभी बंदियों को जाने के बाद उनके अपराध की प्रकृति की जानकारी के अनुसार सभी को अलग-अलग हाई सिक्योरिटी बैरक में रखने की तैयारी शुरू की गई। माना जा रहा है कि शाम तक सभी बंदियों को बैरक में दाखिल करने की प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी।
वहीं वर्ष 2019 में भी इसी प्रकार के कई बंदी प्रदेश की विभिन्न जेलों में भेजे गए थे। उन सभी पर पब्लिक सेफ्टी एक्ट की कार्रवाई की गई थी। माना जा रहा है कि यह सभी बंदी भी इसी मामले में सेंट्रल जेल भेजे गए हैं।