परियर। गंगा नदी का बढ़ता जलस्तर गुरुवार को एक फीट घट गया। हालांकि इससे क्षेत्रीय लोगों की समस्या कम होती नजर नहीं आ रही है। अभी भी तैयार फसल पानी में डूबने से खराब हो रही है। प्रभावित गांवों के किसान दिन, रात पानी पर नजर रख रहे हैं। किसानों को पशुओं के लिए हरे चारे की समस्या बनी हुई है। अभी भी ग्रामीण अपने खेत व बागों में नाव से आ जा रहे हैं।
सदर तहसील के गंगा किनारे बसे मानाबंगला, बाबूबंगला, बंदनपुरवा, लालतुपुरवा, पनपता, धनकुखेड़ा, कोलवा, जुड़ापुरवा, पटियारा, महानंदपुरवा, बेनीपुरवा, टेपरा व अतरी सहित दो दर्जन गांवों के किसानों की तैयार तरोई, लौकी, भिंडी, कद्दू, धान, मक्का आदि फसल को खतरा बना हुआ है। जो फसल डूब गई थी वह सड़ने लगी है। अभी भी पानी कटरी में गांवों के पास लगा हुआ है। राजस्व निरीक्षक शत्रुघ्न ने बताया कि पानी पर नजर रखने के लिए लेखपालों को लगाया गया है।