पीलीभीत के कलीनगर में जंगल से बाहर बाघों की सक्रियता किसानों के लिए मुसीबत बनी हुई है। शनिवार को हल्दीडेंगा क्षेत्र में खेत में घास काट रहे मजदूरों पर अचानक बाघ ने हमला कर दिया। हमले में मजदूर बाल-बाल बच गए। किसी तरह मजदूरों ने वहां से भागकर जान बचाई।
माधोटांडा गांव निवासी बांकेलाल, किशोरीलाल, गोविंद राम और मदन लाल मजदूरी पर हल्दीडेंगा क्षेत्र में घास काटने गए थे। घास काटते समय अचानक बाघ वहां आ पहुंचा और मजदूरों पर झपट्टा मार दिया। हालांकि हमले में मजदूर बाल-बाल बच गए। बाघ को देखकर मजदूरों ने नहर की ओर दौड़ लगा दी। सुरक्षित स्थान पर पहुंचकर ग्रामीणों को जानकारी दी। मजदूरों की चप्पल और सामान खेत में ही छूट गया। जानकारी के काफी देर बाद क्षेत्रीय वनकर्मी मौके पर पहुंचे। क्षेत्रीय डिप्टी रेंजर ने बताया कि टीम को मौके पर भेजा गया था।
मथना जप्ती क्षेत्र में बाघों की दहशत से परेशान ग्रामीण वन विभाग के रवैये से नाराज होकर शनिवार शाम एकत्र होकर माधोटांडा पीलीभीत मार्ग पर धरने पर बैठ गए। इससे मार्ग पर दो घंटे यातायात ठप रहा। ग्रामीणों का आरोप था कि बाघ खेतों में घूम रहे, जानकारी के बाद भी टीम समय से नहीं आती। जानकारी के बाद डिप्टी डायरेक्टर नवीन खंडेलवाल अफसरों के साथ मौके पर पहुंचे। नोकझोंक के बीच एक घंटे की मशक्कत के बाद सुरक्षा बिंदुओं पर लिखित आश्वासन देने के बाद ग्रामीण माने। माधोटांडा पुलिस ने मशक्कत कर जाम खुलवाया।