उत्तरप्रदेश के मऊ में नकल न करने देने से क्षुब्ध आईटीआई प्रथम वर्ष के छात्र-छात्राओं ने बुधवार को वार्षिक परीक्षा के दूसरे प्रश्नपत्र का बहिष्कार कर दिया। छात्र-छात्राओं का कहना है कि पढ़ाई न होने के चलते नकल करा कर पास कराने के लिए रुपए लिए गए थे, लेकिन नकल नहीं कराई जा रही है।
गुस्साए विद्यार्थियों ने नगर के माता पोखरा स्थित दारूल उलूम ब्वायज इंटर कालेज परीक्षा केंद्र और नगर स्थित आईटीआई संस्थान पर प्रदर्शन करते हुए नारेबाजी की। इस दौरान पहुंची पुलिस ने छात्रों को उग्र होता देख लाठियां भांजकर उन्हें मौके से भगाया।
नगर स्थित आईटीआई के इलेक्ट्रीशियन ट्रेड प्रथम वर्ष के 125 और मुहम्मदाबाद गोहना स्थित आईटीआई के फैब्रिकेशन ट्रेड के प्रथम वर्ष के 110 छात्र-छात्राओं की वार्षिक परीक्षा चल रही है।
इसके लिए नगर के माता पोखरा स्थित दारूल उलूम ब्वॉयज इंटर कालेज को परीक्षा केंद्र बनाया गया था। जहां 19 अगस्त को प्रथम प्रश्नपत्र की परीक्षा हुई थी। बुधवार को दूसरे पेपर की परीक्षा देने के लिए छात्र-छात्राएं सुबह कालेज पहुंचे। लेकिन सभी परीक्षा कक्ष में प्रवेश करने के बजाय हंगामा करने लगे।
साथ ही नारेबाजी करते हुए कहा कि एक तो पढ़ाई नहीं हुई, ऊपर से नकल कराने के लिए रुपए लिए गए। परंतु अब परीक्षा केंद्र पर नकल कराने की बजाय सख्ती बरती जा रही है।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने छात्रों से कहा कि परीक्षा नहीं देनी है तो सेंटर से भागिए। जिस पर सभी छात्र ट्रकों के सहारे गाजीपुर तिराहा के निकट स्थित आईटीआई पहुंचे और संस्थान में प्रदर्शन व नारेबाजी करने लगे। इसकी जानकारी पाकर पुलिस आईटीआई पहुंची। जहां पुलिस द्वारा लाठी भांजकर छात्रों को संस्थान से दूर भगाया गया। इस दौरान काफी देर तक अफरातफरी का माहौल रहा।