शक्तिनगर। एनसीएल की कोयला परियोजना के चलते विस्थापित हुए परिवारों की समस्या निस्तारण का राज्य सभा सांसद ने भरोसा दिलाया। सोमवार को नई दिल्ली में सांसद से मुलाकात कर क्षेत्र के विस्थापितों ने पत्रक दिया और समस्या से अवगत कराया।
शक्तिनगर से दिल्ली पहुंचे क्षेत्र के विस्थापित आनंद पांडेय, रवि कुशवाहा और सर्वजीत चौबे ने सोमवार को सांसद से मुलाकात की। इस दौरान विस्थापितों ने 40 साल से लंबित मामले में ज्ञापन सौंपा और अपनी पीड़ा सुनाई। बताया कि वर्ष 1981 से एनसीएल की कोयला परियोजनाओं के लिए क्षेत्र के कई गांवों के किसानों की जमीन अधिग्रहीत की गई।
विस्थापितों का आरोप है कि काश्तकारों को प्रतिकर मुआवजा वितरण में अनियमितता हुई। इसके चलते भैरवां, यौगीचौरा, मिसिरा, परासी, ककरी इत्यादि गांवों के किसान मुआवजा सहित अन्य लाभों से वंचित रह गए। ऐसे किसानों की जमीन एनसीएल के नाम दर्ज हो गई लेकिन नियमानुसार नौकरी, मुआवजा आदि नहीं मिला। भाजपा नेता व विस्थापित परिवार के सदस्य आनंद पांडेय ने बताया कि सांसद पूरे मसले को बारीकी से समझा और भरोसा दिलाया कि पूरी मदद की जाएगी। इससे पहले भी सांसद रामसकल इस मसले को सदन में उठा चुके हैं। सांसद ने कोयला मंत्री को पत्र भेज जल्द से जल्द इस समस्या का समाधान करने का आग्रह किया है।