डीएम टीके शिबू ने सोमवार को उरमौरा स्थित सरकारी सस्ते गल्ले की दुकान पर खुद फाइलेरिया रोधी दवा खाकर फाइलेरिया मुक्ति अभियान की शुरुआत की। उन्होंने लोगों से फाइलेरिया से मुक्ति के लिए दवा खाने की अपील की।
डीएम ने कहा कि फाइलेरिया रोग से अपंगता की स्थिति हो जाती है। इससे बचने के लिए यह दवा सभी को खानी चाहिए। दवा खाना ही मात्र इस रोग का एक बचाव है। सीएमओ डॉ. नेम सिंह ने बताया कि फाइलेरिया मुक्ति अभियान सात दिसंबर तक चलेगा। स्वास्थ्य टीम घर-घर जाकर लोगों को फाइलेरिया रोधी दवा डीईसी, एल्बेंडाजोल खिलाएगी। इस अभियान में लोगों को दवा देकर टीम नहीं आएगी, बल्कि अपने सामने ही दवा खिलाएगी। जिला मलेरिया अधिकारी धर्मेंद्र नरायण श्रीवास्तव ने बताया कि फाइलेरिया से संक्रमित व्यक्ति सामान्य व्यक्ति की तरह ही दिखता है। किसी भी व्यक्ति को संक्रमण के बाद बीमारी का पता लगने में पांच से 15 वर्ष तक लग सकता है। इसलिए अभियान के दौरान मुफ्त में दी जाने वाली फाइलेरिया रोधी दवा जरूर खाएं। इस अवसर पर एसीएमओ डॉ. आरजी यादव, डॉ. अमृत राय, मलेरिया निरीक्षक पीके सिंह, शुभम सिंह, सभाजीत आदि मौजूद रहे।