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Sitapur News: एसपी साहब! हेल्पडेस्क पर आप फीडबैक नहीं लेते हैं क्या...?

Thu, 08 Feb 2024 09:59 PM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
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सीतापुर। एसपी साहब! आप क्या हेल्प डेस्क पर फीडबैक नहीं लेते हैं? कार्यालयों को थोड़ा और बेहतर करने की जरूरत है। यह सवाल आईजी रेंज तरुण गाबा ने एसपी चक्रेश मिश्र से पुलिस कार्यालय में फरियादियों के बैठने के स्थान का निरीक्षण करते समय पूछा। वह बृहस्पतिवार को निरीक्षण करने पहुंचे थे। आईजी के सवाल पर एसपी चक्रेश मिश्र ने बताया कि हेल्प डेस्क पर सुनवाई के बाद में एलआईयू व अन्य इकाइयां शिकायतों की स्थितियाें पर नजर रखती हैं और अपनी रिपोर्ट देती हैं।
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आईजी रेंज तरुण गाबा ने सबसे पहले सुबह करीब साढ़े दस बजे हाईवे स्थित नवनिर्मित नवीन चौक चौकी का लोकार्पण किया। वहां से निकलकर आईजी कोतवाली देहात पहुंचे। यहां विभिन्न पटलों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्हें बताया गया कि हाल ही में कोतवाली देहात का निर्माण हुआ है। यहां पर मालखाना, कंप्यूटर कक्ष व अन्य कक्षों की स्थिति ठीक पाई गई। इसके बाद वह एसपी कार्यालय पहुंचे।
आईजी तरूण गाबा ने मीडिया से रूबरू होते हुए बताया कि पुलिस की प्राथमिकता है कि लोकसभा चुनाव निष्पक्ष तरीके से निपटे। इसलिए जो लोग चुनाव को प्रभावित कर सकते हैं। पुलिस उन पर कार्रवाई करेगी। अभियान चलाकर अवैध शराब को रोकने, गुंडा एक्ट आदि की कार्रवाई की जाएगी। चुनाव के समय बाहर से आने वाली फोर्स के ठहरने का उचित प्रबंध किया जाए। इसके बाद उन्होंने सभी थानाध्यक्षों के साथ बैठक की। जिले में बढ़ रहे अपराध पर लगाम लगाने के साथ ही चुनाव की तैयारियों में जुट जाने के निर्देश दिए। इस दौरान एसपी चक्रेश मिश्र, एएसपी उत्तरी प्रकाश कुमार, एएसपी दक्षिणी प्रवीण रंजन सिंह, सीओ सिटी अमन सिंह, सीओ सिधौली शोभित कुमार व अन्य मौजूद रहे।
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सुझावों पर आईजी ने किया गौर, बगलें ताकते दिखे मातहत
प्रेसवार्ता में मीडिया कर्मियों के सवालों पर आईजी रेंज ने काफी कुशलता से जवाब दिया। इसके साथ ही सुझाव पर लेकिन कुछ सवालों पर उनके मातहत बगलें ताकते हुए दिखाई दिए। आईजी को बताया गया कि महोली का एक गांव है। जहां पर रेलवे मार्ग के विवाद के चलते आबादी मतदान नहीं करती है। आईजी ने कहा कि प्रयास रहेगा कि अबकि बार कोई हल निकल आए। पिछले विधानसभा चुनावों में खैराबाद के एक पूरे गांव को पाबंद कर दिया गया था। बाद में पुलिस ने संशोधन किया। तरुण गाबा ने कहा कि इस बात का ध्यान रखा जाएगा। उनको ही पाबंद किया जाए, जिनसे शांति भंग की आशंका हो।
मीडिया कर्मियों से सुझाया कि पुलिसकर्मियों व राजस्वकर्मियों के बीच अक्सर तालमेल की कमी देखी जाती है। इस पर आईजी ने तो अनभिज्ञता जाहिर की लेकिन उनके मातहत बगलें झांकते दिखे। उनको सुझाव दिया गया कि पुलिस और राजस्व कर्मियों का सामंजस्य बना रहे, इस पर ध्यान दिया जाए। सरल लहजे में उन्होंने बताया कि दोनों का सामंजस्य तो बना ही रहता है। लेकिन उनके मातहत बगलें ताकते दिखे। बता दें कि हाल ही में 26 जनवरी को हुए एक प्रशासनिक अधिकारी और एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी के विवाद के बाद हुई खींचतान अभी खत्म नहीं हुई है।
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