नैमिषारण्य के ठाकुर नगर स्थित सार्वजनिक पार्क में मार्च 2010 में शहीद ऊधम सिंह की प्रतिमा स्थापित कराई जा रही थी। कुछ लोगों ने इसका विरोध यह कहते हुए किया कि प्रतिमा स्थापित कराने की अनुमति नहीं ली गई है। इस पर दोनों पक्षों में विवाद गहरा गया। मामला कोतवाली पहुंचा और प्राथमिकी दर्ज कराई गई। प्रतिमा भी कोतवाली में जमा हो गई। विवाद करने वालों की जमानत हो गई लेकिन शहीद ऊधम सिंह की प्रतिमा को 15 साल तक यह सजा काटनी पड़ी। अदालत के आदेश पर 15 साल बाद शहीद ऊधम सिंह की प्रतिमा को आजादी मिली है।