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आधुनिकता अपनाएं पर परंपराओं को न भूलें

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सीतापुर में लालबाग पार्क में प्रादेशिक संस्कृत सम्मेलन में मौजूद महिलाएं। - संवाद - फोटो : SITAPUR
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सीतापुर। भारतीय समाज अपनी नैतिक परंपराओं व आदर्शों को भूलता जा रहा है। पाश्चात सभ्यता अपनाने वाले लोग भारत में आकर जय श्रीराम व बम-बम भोले के जयकारे लगाकर हमारी सभ्यता अपना रहे हैं। हम लोग अपनी सभ्यता को भूलकर हाय हेल्लो व डैडी कहकर पाश्चात सभ्यता को लाने का प्रयास कर रहे हैं। यह बात डिप्टी सीएम डॉ. दिनेश शर्मा ने शनिवार को लालबाग पार्क में संस्कृत सम्मेलन आयोजन समिति के तत्वाधान में आयोजित मानस मेला में कही।
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कहा कि लोग परंपराओं को भूलकर आधुनिकता की तरफ बढ़ रहे हैं। शहर के संस्कार गांवों में पहुंच जाते है। जिससे धीरे-धीरे भारतीय सभ्यता गायब होने लगती है। जबकि पहले ऐसा नहीं होना चाहिए। जिस घर में बड़े बुजुर्गों का सम्मान होता है। वहीं पर भगवान व लक्ष्मी जी का वास होता है। आधुनिकता अपनाएं, लेकिन जीवन की वास्तविकता व परंपराओं को कायम रखें।
भारतीय सभ्यता से लोग इतना अधिक प्रभावित हैं कि मथुरा में अंग्रेज राधे-राधे, अयोध्या में जय श्रीराम व वाराणसी में बम-बम भोले करते हुए गलियों में घूम रहे हैं। इनको भारतीय दर्शन अपनाने से शांति मिल रही है। नैमिषारण्य की पावन भूमि से आए बटुक ब्राह्मण कुमारों द्वारा अतिथियों का स्वागत किया गया। उप मुख्यमंत्री ने लालबाग शहीद पार्क स्थित शहीद स्तंभ पर श्रद्धा सुमन अर्पित कर शहीदों को नमन किया।
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इस मौके पर नारदानंद आश्रम के पीठाधीश्वर श्री देवेंद्रानंद सरस्वती ने प्रेरणादायक विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम की अध्यक्षता राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रांत कार्यवाहक प्रशांत ने की। इस दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष अचिन मेहरोत्रा, विश्वम्भर दयाल तिवारी, संयोजक नैमिष रत्न तिवारी, आयोजक पंकज पांडेय उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान विधायक सेवता ज्ञान तिवारी, विधायक मिश्रिख रामकृष्ण भार्गव, विधायक महोली शशांक त्रिवेदी व एमएलसी उमेश द्विवेदी मौजूद रहे।
पहले खुद बने अच्छा बेटा
डिप्टी सीएम ने कहा कि हम अपने बेटे का पढ़ा लिखाकर अच्छा इंसान बनाना चाहते है। उससे उम्मीद करते है कि वह बड़ा होकर हमारी सेवा करे। पूरी जिंदी की कमाई उस पर खर्च कर रहे हैं। लेकिन इससे बेटा अच्छा नहीं होगा। पहले हम यह देखें कि क्या हम एक अच्छे बेटे हैं।
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