झगड़ा छुड़ाने गए युवक की मौत, चार पर गैर इरादतन हत्या का केस
शोहरतगढ़ (सिद्धार्थनगर)। सदर थाना क्षेत्र के कोड़रा ग्रांट गांव के टोला सेयुवनिया और अहिरवनडीह के दो पक्ष में रुपये की लेनदेन के लिए बृहस्पतिवार रात विवाद हो गया। आरोप है कि बीच-बचाव करने पहुंच एक युवक की पिटाई से मौत हो गई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम कराया और परिजनों को सुपुर्द कर दिया। परिजनों ने ठोस कार्रवाई की मांग करते हुए शव का अंतिम संस्कार नहीं किया। एसपी के आश्वासन के बाद परिजन मान गए और शनिवार को शव का अंतिम संस्कार किया। तहरीर के आधार पर पुलिस ने चार लोगों पर गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज किया है।
चिल्हिया थाना क्षेत्र के धुसुरी गांव निवासी राम लखन उर्फ गाजे (32) की की शादी दस वर्ष पहले सदर थाना क्षेत्र के कोड़रा ग्रांट गांव के टोला सेखवनिया निवासी मोतीलाल की पुत्री से हुई थी। उसके ससुर का कोई पुत्र न होने के कारण वह सेखुवनिया में पत्नी के साथ रहते थे। उनके चचेरे साले संजय यादव वाराणसी में मिठाई बनाने का कार्य करते हैं। बगल के ही अहिरवनडीह निवासी संदीप को वह वाराणसी मजदूरी पर ले गए थे, जिनके करीब तीन हजार रुपये बाकी थे। दोनों दीपावली पर घर आए। बताया जा रहा है कि बृहस्पतिवार रात संदीप चार लोगों के साथ संजय के घर बकाए रकम की मांग करने पहुंचे। वहां दोनो में झगड़ा हुआ, जिसमें संदीप व अन्य लोगों की पिटाई हो गई।
आरोप है कि संदीप बदले की भावना से फोन करके गांव से और लोगों को बुला लिया। फिर आरोपितों ने संजय के घर में घुस कर लाठी डंडे से पिटाई की। बीच-बचाव करने पहुंचे राम लखन को लाठी से चोट लग गई। उनकी मौके पर ही मौत हो गई। जानकारी मिलते ही सदर थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में ले लिया। मारपीट में शामिल करीब आठ लोगों को पुलिस ने रात में ही हिरासत में ले लिया था। सदर कोतवाल केडी सिंह ने बताया कि चार लोगों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज करके मामले की जांच की जा रही है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट से परिजन नहीं थे संतुष्ट
पोस्टमार्टम रिपोर्ट से संतुष्टि नहीं होने पर मृतक के भाई ने एसपी को शिकायती पत्र देकर न्याय की गुहार लगाई। एसपी के आश्वासन पर पुलिस की मौजूदगी में शव का अंतिम संस्कार हुआ। मृतक रामलखन की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में कोई चोट या निशान न मिलने पर परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया। शनिवार को मृतक के भाई रविंद्र यादव ने ग्रामीणों के साथ शिकायती पत्र एसपी डॉ. यशवीर सिंह को देकर न्याय की गुहार लगाई। शिकायती पत्र देकर रविंद्र ने कहा जब तक आरोपितों पर हत्या का मुकदमा नहीं दर्ज होगा, शव का अंतिम संस्कार नहीं किया जाएगा। प्रकरण को सज्ञान में लेकर एसपी ने जांच कराकर न्याय का भरोसा दिया। उसके बाद परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार किया।
गांव में तैनात रही पुलिस
पोस्टमार्टम होने के बाद शव का अंतिम संस्कार परिवार की ओर से न किए जाने की धमकी देने के बाद पुलिस और प्रशासनिक अमला हरकत में आ गया। इसके सीओ सदर प्रदीप कुमार यादव, सीओ शोहरतगढ़ राणा महेंद्र प्रताप सिंह, एसओ सदर केडी सिंह, एसओ यसवंत सिंह सहित क्यूआरटी टीम घुसरी बुजुर्ग गांव में पहुंच गई। लोगाें को समझा-बुझाकर शव का अंतिम संस्कार कराया। सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस टीम गांव में लगी हुई है।