कैराना में बच्चों के पौष्टिक आहार की कालाबाजारी के दावे की वायरल वीडियो का स्क्रीनशॉट
- फोटो : SHAMLI
कैराना। बृहस्पतिवार को कैराना क्षेत्र के सोशल मीडिया पर खाद्य सामग्री से भरे एक ई-रिक्शा की वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गई। ई-रिक्शा में दाल के 4-5 कट्टे रखे हुए हैं। वीडियो में एक ग्रामीण पेटी से रिफाइंड की थैलियां निकालकर कह रहा है कि देखो यह सब बिकता है। वायरल वीडियो में पौष्टिक आहार की कालाबाजारी करने के दावे किए गए हैं। वहीं वायरल वीडियो गांव जहानपुरा के प्राथमिक विद्यालय के बच्चों को बांटे जाने वाले पौष्टिक आहार की बताई गई हैं।
मामले में सीडीपीओ सुदेश भारती ने बताया कि ब्लॉक कार्यालय पर मौजूद एनआरएलएम विभाग की ओर से स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को पौष्टिक आहार दिया जाता है। स्वयं सहायता समूह की महिला आंगनबाड़ी को पौष्टिक आहार उपलब्ध कराती हैं। जिसके बाद आंगनबाड़ी कार्यकर्ता स्कूलों में बच्चों को पौष्टिक आहार बांटती है। छह सितंबर को ई-रिक्शा से ही गांव जहानपुरा में पौष्टिक आहार भेजा गया था। स्वयं सहायता समूह की महिलाओं द्वारा पौष्टिक आहार आंगनबाड़ी को उपलब्ध कराया गया था। जिसके उनके पास फोटो मौजूद हैं। पौष्टिक आहार की कालाबाजारी नहीं की गई।