दीपक जलाकर कोरोना के खात्मे के लिए प्रार्थना की
शामली। भारतीय वाल्मीकि धर्म समाज (भावाधस) के 57वें स्थापना दिवस पर संस्था के पदाधिकारियों ने अपने घरों में दीपक जलाकर कोरोना महामारी के खात्मे और विश्व शांति के लिए प्रार्थना की।
भावाधस के राष्ट्रीय सर्वोच्च निदेशक आदि धर्म गुरु स्वामी चंद्रपाल अनार्य के निर्देश पर देशभर में कोरोना महामारी के बढ़ते संक्रमण और ऑक्सीजन की कमी के दृष्टिगत सोमवार को भावाधस का 57वां स्थापना दिवस पौधरोपण कर सादगी से मनाया गया। शुभारंभ शहर के मोहल्ला नंदू प्रसाद स्थित प्राचीन भगवान वाल्मीकि मंदिर परिसर में पौधे लगाकर किया। इसके बाद महर्षि वाल्मीकि कुटी आश्रम, मोहल्ला पंसारियान वाल्मीकि मंदिर, माता शीतला एवं वाल्मीकि आश्रम परिसर, गऊशाला रोड व मोहल्ला बड़ी आल स्थित स्थित वाल्मीकि मंदिर, तालाब रोड स्थित वाल्मीकि मंदिर में पौधे लगाए। संरक्षक सोमदत्त गहलोत ने कहा कि आज समूचा देश कोरोना महामारी से जूझ रहा है। इससे पूर्व पदाधिकारियों ने अपने घरों में दीपक जलाकर कोरोना महामारी के खात्मे तथा विश्व शांति के लिए प्रार्थना की।
मौके पर मंदिर के महंत महेंद्र भूषण धवन, जिला प्रभारी घनश्याम पारचा, केंद्रीय कार्यकारिणी प्रदीप टांक मायूस, दिनेश गहलोत, संतोष बिड़ला, विपिन चंदेल, देवेंद्र बिड़ला, सुनील चंद्रा, मनीष गहलोत, राकेश गहलोत, धर्मेंद्र झंझोट मौजूद रहे।