शाहजहांपुर। दिसंबर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संभावित आगमन को लेकर प्रशासन ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। मंगलवार को एसडीएम व सीओ प्रधानमंत्री के कार्यक्रम को लेकर स्थल चयन की कवायद में जुटे रहे। स्थानीय अधिकारियों की रिपोर्ट के आधार पर डीएम व अन्य अधिकारी जल्द ही उन स्थानों का अवलोकन करेंगे और उनकी सहमति मिलने के बाद विधिवत तैयारियां शुरू हो जाएंगी।
प्रस्तावित गंगा एक्सप्रेस-वे जनपद से होकर गुजरेगा। एक्सप्रेस-वे के रास्ते में सदर व तिलहर तहसील के कुछ गांव के अलावा सबसे ज्यादा 18 गांव जलालाबाद के आ रहे हैं। इन गांवों में जमीन अधिग्रहण का कार्य लगभग पूरा कर लिया है। प्रदेश सरकार विधानसभा चुनाव से पहले हर हाल में इस एक्सप्रेसवे का शिलान्यास कर देना चाहती है। इस एक्सप्रेस-वे पर करीब चार किलोमीटर लंबी हवाई पट्टी भी प्रस्तावित है।
इसके लिए दियुरा, चमरपुर कलां, पीरू, बड़ोखर और खूंटा नगला समेत पांच गांव की जमीन अधिग्रहीत की जा चुकी है। हवाई पट्टी के आसपास एक्सप्रेस-वे के शिलान्यास कार्यक्रम का आयोजन होना बताया जा रहा है। इस दौरान प्रधानमंत्री की सभा होना भी प्रस्तावित है, जिसका स्थान एक्सप्रेस-वे के आसपास रहेगा। मंगलवार को एसडीएम बरखा सिंह, सीओ मस्सा सिंह, तहसीलदार चमन सिंह ने प्रधानमंत्री की सभा को लेकर गांव दियुरा तथा चौकी आजमपुर में जमीन का निरीक्षण किया।
दियुरा जलालाबाद से करीब दस किलोमीटर दूर सरैया से बुधुआना जाने वाली रोड पर है, जबकि चौकी आजमपुर फर्रुखाबाद हाईवे से बझेड़ा मोड़ से पूरब दिशा में है। इसकी दूरी भी लगभग दस किलोमीटर है। विभिन्न गांव होता हुआ यह एक्सप्रेस-वे चौकी आजमपुर से ही हरदोई जनपद में प्रवेश करेगा। प्रशासन की नजर में प्रधानमंत्री की सभा को लेकर चौकी आजमपुर गांव ज्यादा सुविधाजनक है। जलालाबाद से दोनों गांव की दूरी लगभग बराबर है। दियुरा तक जाने वाला रोड सिंगल है। चौकी जाने वाला रोड अपेक्षाकृत ज्यादा चौड़ा है।
जलालाबाद के तहसीलदार चमन सिंह ने बताया कि दिसंबर में प्रधानमंत्री के आगमन का कार्यक्रम संभावित है। कार्यक्रम को लेकर दियुरा और चौकी आजमपुर में जमीन देखी गई है। इसकी रिपोर्ट अधिकारियों को भेजी जाएगी।